Monday , 16 February 2026
Home अध्यात्म बैसाखी का स्नान
अध्यात्म

बैसाखी का स्नान

bai
खरमास के समाप्त होने के साथ ही एक माह बाद 14 अप्रैल से शहनाइयां गूंजेंगी। 14 अप्रैल को बैसाखी स्नान का पुण्य काल सुबह सात बजे से शुरू हो जाएगा। इस बार की संक्रांति का राजा शनि और मंगल मंत्री होने से बारिश की अधिकता रहेगी। इस तरह का योग 1948 में बना था।

वैसे तो बैसाखी का स्नान सोमवार से शुरू हो जाएगा, लेकिन ज्योतिषाचार्यो की मानें तो को वैसाखी स्नान की संक्रांति 14 अप्रैल को सुबह सात बजे से शुरू हो जाएगी। इस दिन स्नान करने के साथ ही भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना करनी चाहिए। इस स्नान का भी उतना ही महत्व है, जितना की मकर संक्रांति के स्नान का। आचार्य राकेश कुमार शुक्ल ने बताया कि दोपहर एक बजकर 45 मिनट पर खरमास समाप्त हो जाएगा। इसके साथ ही लग्न कार्य शुरू हो जाएंगे। 13 मार्च के बाद अब 14 अप्रैल से शादियां शुरू हो जाएगी। अगले दो माह तक शादियों की धूम रहेगी। उन्होंने बताया कि 67 वर्षो के बाद ऐसा संयोग बना है जब शनि राजा और मंगल मंत्री बना है। इससे पहले यह योग 1948 में बना था।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

अध्यात्म

Rashifal Sunday, 15 February 2026

आगरालीक्स…महाशिवरात्रि पर इन राशियों पर बरसेगी भगवान शिव और माता पार्वती की...

अध्यात्म

Mahashivratri 2026: Know the worshhip method of festival..#agranews

आगरालीक्स..महाशिवरात्रि 15 फरवरी को. जानें कैसे करें अपने परमपिता परमेश्वर शिव की...

अध्यात्म

Mahashivrtri 2026: Worshiping the idol of Lord Shiva also has a different significance

आगरालीक्स…शिव लिंग के साथ भगवान शिव की दिव्य प्रतिमाओं के बारे में...

अध्यात्म

Rashifal Thursday, 12 February 2026

आगरालीक्स…इन राशि वाले जातकों को मिलेगा किस्मत का साथ. पढ़ें 12 फरवरी...

error: Content is protected !!