नईदिल्लीलीक्स ….चीनी के बढ़ते रेट और उपलब्धता बनाए रखने के लिए गन्ने से बने इथेनॉल को पेट्रोल में मिलाने पर रोक। इथेनॉल की जगह पेट्रोल में मक्का, टूटे चावल व अन्य पदार्थों से बने इथेनॉल का मिश्रण मिलाया जाएगा।
पिछले कुछ महीनों से चीने के रेट अचानक से पांच से 10 रुपये बढ़ रहे हैं। इसके पीछे ई 20 पेट्रोल के लिए गन्ने से बने इथेनॉल की बढ़ती मांग बताई जा रही है। सरकार ने घरेलू स्तर पर चीनी की उपलब्धता बनाए रखने के लिए गन्ने के उत्पादों से बने इथेनॉल के पेट्रोल मिश्रण पर फिलहाल रोक लगा दी है।
मक्का, टूटे चावल, 1100 करोड़ इथेनॉल की खरीद
चीनी की उपलब्धता बनाए रखने के लिए सार्वजनिक क्षेत्र की पेट्रोलियम विपणन कंपनियों ने पेट्रोल में इथेनॉल मिलाने के लिए 2026—27 आपूर्ति साल की ताजा खरीद निविदा में गन्ने के रस, चीनी की चाधरी और बी हेवी शीरे से बने इथेनॉल की शामिल नहीं किया है। निविदा में मक्का, टूटे सचाल, भारतीय खाद्य निगम द्वारा खरीदे गए अभिशेष चावल, सी हेवी शीरे से बने इथेनॉल की आपूर्ति के लिए बोलियां लगाई जा सकती हैं। निविदा में मक्के से बने इथेनॉल पर प्रोत्साहन राशि की घटाकर 68.86 रुपये प्रति लीटर, जो लीटर 71.86 रुपये लीटर है।