आगरालीक्स…आगरा में एमएलसी चुनाव 23 अक्टूबर को. एक दिन पहले मंडी समिति पहुंंच जाएंगी पोलिंग पार्टियां. डीएम बोले—किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं…सूरसदन में हुआ मतदान प्रक्रिया का दूसरा प्रशिक्षण
उत्तर प्रदेश विधान परिषद द्विवार्षिक निर्वाचन-2026 के अंतर्गत आगरा खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन का मतदान 23 अक्टूबर को प्रस्तावित है. इसको लेकर आज शनिवार को सूरसदन प्रेक्षागृह में पीठासीन अधिकारी (पीओ), प्रथम मतदान अधिकारी (पी-1), द्वितीय मतदान अधिकारी (पी-2) एवं तृतीय मतदान अधिकारी (पी-3) का दूसरा प्रशिक्षण संपन्न हुआ.प्रशिक्षण के दौरान मास्टर ट्रेनर्स द्वारा मतदान प्रक्रिया, मतदान कार्मिकों के दायित्वों, निर्वाचन सामग्री के रखरखाव एवं सुरक्षा तथा मतदान समाप्ति के उपरांत निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार निर्वाचन सामग्री जमा कराने के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई.
डीएम ने मतदान कार्मिकों को दिए निर्देश
डीएम मनीष बंसल ने मतदान कार्मिकों को निर्देशित किया कि सभी अधिकारी एवं कर्मचारी निर्वाचन संबंधी अपने दायित्वों का गंभीरतापूर्वक निर्वहन सुनिश्चित करें. विधान परिषद शिक्षक एवं स्नातक निर्वाचन की प्रक्रिया सामान्य लोकसभा एवं विधानसभा निर्वाचन से भिन्न होती है, जिसमें ईवीएम के स्थान पर मतपत्र एवं मतपेटिका का प्रयोग किया जाता है. सभी मतदान कार्मिक मतदान प्रक्रिया की प्रत्येक बारीकी को भली-भांति समझें तथा भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित दिशा-निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करें, ताकि निर्वाचन के दौरान किसी भी प्रकार की त्रुटि अथवा असुविधा की स्थिति उत्पन्न न हो. उन्होंने निर्वाचन सामग्री की सुरक्षा एवं निर्धारित प्रक्रिया के संबंध में स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्वाचन कार्य के लिए उपलब्ध कराई जा रही समस्त सामग्री को विधिवत एवं सुरक्षित रूप से रखा जाए. निर्वाचन सामग्री को लापरवाहीपूर्वक कहीं छोड़ने, फेंकने अथवा किसी भी सामग्री के गुम होने की स्थिति को गंभीरता से लिया जाएगा. ऐसी स्थिति में संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी निर्धारित करते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने कहा कि निर्वाचन कार्य में प्रयुक्त होने वाली सामग्री अत्यंत महत्वपूर्ण एवं संवेदनशील है, इसलिए प्रत्येक कार्मिक सामग्री प्राप्त करने से लेकर उसे निर्धारित स्थल पर जमा कराने तक पूरी सतर्कता बरते.
22 अक्टूबर को सुबह साढ़े 10 बजे तक मंडी समिति पहुंचेंगी पोलिंग पार्टियां
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी पोलिंग पार्टियां 22 अक्टूबर 2026 को सुबह 10:30 बजे तक मंडी समिति, टूंडला रोड पर निर्धारित निर्वाचन सामग्री के साथ अनिवार्य रूप से उपस्थित होना सुनिश्चित करें. सभी कार्मिक अपनी सामग्री की सूची के अनुसार मिलान कर लें तथा निर्वाचन से संबंधित अतिरिक्त एवं गोपनीय सामग्री को भी पूरी सुरक्षा के साथ रखें. किसी भी सामग्री की कमी अथवा किसी प्रकार की समस्या की स्थिति में संबंधित अधिकारी को तत्काल अवगत कराकर उसका समाधान सुनिश्चित किया जाए. निर्धारित समय पर उपस्थिति, सामग्री का सही मिलान तथा निर्वाचन संबंधी सभी व्यवस्थाओं को समय से पूर्ण करना प्रत्येक संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी की जिम्मेदारी है.
मतदान के बाद की भी दी बताई जिम्मेदारी
डीएम ने निर्देशित किया कि 23 अक्टूबर 2026 को मतदान संपन्न होने के उपरांत सभी पीठासीन अधिकारी एवं मतदान अधिकारी अपने-अपने बैलेट बॉक्स, प्रयुक्त एवं अप्रयुक्त निर्वाचन सामग्री तथा निर्वाचन से संबंधित समस्त अभिलेख निर्धारित स्थल पर अनिवार्य रूप से जमा कराना सुनिश्चित करें. सामग्री जमा कराने से पूर्व निर्धारित सूची के अनुसार सभी वस्तुओं का मिलान किया जाए तथा किसी भी प्रकार की कमी या विसंगति पाए जाने पर तत्काल संबंधित अधिकारियों को सूचित किया जाए. निर्वाचन सामग्री के रखरखाव, उसकी सुरक्षा तथा जमा कराने की प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। सभी अधिकारी दिए गए निर्देशों का भली-भांति अनुपालन सुनिश्चित करें. प्रशिक्षण के दौरान मास्टर ट्रेनर्स द्वारा मतदान कार्मिकों को मतदाता की पहचान का सत्यापन, मतदाता सूची के आधार पर मतदाता की पात्रता की पुष्टि, मतपत्र जारी करने, मतपत्र पर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार वरीयता अंकित कराने तथा मतपेटिका को तैयार करने एवं सील करने की प्रक्रिया की जानकारी दी गई.
सुबह 8 बजे से शुरू होगी वोटिंग
अपर जिलाधिकारी (नगर) यमुनाधर चौहान ने बताया कि आगरा खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के द्विवार्षिक निर्वाचन-2026 के अंतर्गत मतदान 23 अक्टूबर 2026 को सुबह 8 बजे से प्रारंभ होगा. उन्होंने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार मतदान के के लिए मतदाता फोटो पहचान पत्र प्रस्तुत करना होगा. यदि कोई निर्वाचक मतदाता फोटो पहचान पत्र प्रस्तुत नहीं कर पाता है, तो आयोग द्वारा निर्धारित वैकल्पिक पहचान दस्तावेजों में से किसी एक के माध्यम से अपनी पहचान स्थापित कर सकता है. इनमें आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, भारतीय पासपोर्ट, सरकारी अथवा सार्वजनिक उपक्रमों एवं अन्य संस्थानों द्वारा जारी सेवा पहचान-पत्र, सांसदों/विधायकों/पार्षदों को जारी सरकारी पहचान-पत्र, संबंधित शैक्षिक संस्थान द्वारा जारी सेवा पहचान-पत्र, विश्वविद्यालय द्वारा जारी डिग्री/डिप्लोमा का मूल प्रमाण-पत्र, सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी दिव्यांगता संबंधी मूल प्रमाण-पत्र तथा यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड शामिल हैं.