आगरालीक्स…21 दिन में पैसा डबल…फिल्म फिर हेराफेरी की तरह आगरा में तीन टप्पेबाज लोगों को झांसा देकर फंसा रहे थे. चिल्ड्रेन बैंक के नोटों की 250 गड्डियां मिलीं. कार बाइक और तीन लैपटोप भी मिले
आगरा पुलिस ने तीन ऐसे शातिरों को पकड़ा है जो कि फेसबुक सहित सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर लोगों को लालच देकर 21 दिन में पैसा डबल देने का झांसा देते थे. यह शातिर परेशान लोगों को अपनी चिकनी चुपड़ी बातों में फंसाते थे और उनको मदद के नाम पर ठगी करते थे. पुलिस ने इन तीनों के पास से 3.83 लाख रुपये कैश, चिल्ड्रेन बैंक के नोटों की 250 गड्डियां, सात मोबाइ ल, कार, तीन लैपटोप, 11 सिम और बाइक सहित काफी सामान बरामद किया है.
लखनऊ के जानकीपुरम स्थित शिव विहार कॉलोनी में रहने वाले पंकज द्विवेदी एलआईसी कर्मचारी हैं. उन्होंने बताया कि फेसबुक पर पैसे डबल का विज्ञापन देकर उन्होंने आरोपियों से बात की. आरोपियों ने कर्ज में डूबे और जरूरतमंदों की मदद का हवाला देकर उन्हें अपनी बातों में फंसा लिया. इसके लिए 14 अक्टूबर को आगरा बुलाया. ताजगंज स्थित पाठक अस्पताल के पीछे मुलात के लिए बुलाया. यहां पहुंचने पर एक बाइक पर दो युवक आए और उनसे चार लाख रुपये लेकर एक काली पॉलीथिन में नोटों की गड्डियां दीं. जब उन्होंने नोट देखने चाहे तो आरोपियों ने पुलिस के आने का डर दिखाकर जाने के लिए कहा. बाद में जब पालिथीन खोली तो उसमें ऊपर असली नोट थे लेकिन अंदर नकली नोटों की गड्डियां थीं.
पुलिस ने तीन शातिर दबोचे
अपने साथ हुई ठगी की सूचना पंकज ने पुलिस को दी. पुलिस ने जांच की तो उन्हें झांसी के सैयर गेट निवासी शोएब अहमद के साथ भी इसी तरह जाल में फंसाकर आगरा बुलाकर 22 सितंबर को 60 हजार रुपये लेकर नकली नोटों का पेकैट थमाया गया था. इस पर पुलिस ने आरोपियां की तलाश की. सोमवार को नगला मेवाती के पास से तीन आरोपियों को अरेस्ट किया गया. पुलिस ने आरोपियेां के पास से एक लैपटॉप, 11 सिमकार्ड के साथ 25 खाली सिम होल्डर भी बरामद किए. पकड़े गए शातिरों के नाम राहुल शर्मा निवासी मथुरा, विजय कुमार निवासी मथुरा और राकेश शर्मा निवासी मथुरा हैं.
महंगे शौक के लिए करते थे ठगी
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह तीनों लंबे समय से एक दूसरे को जानते हैं. अपने महंगे शौक और कम समय में मोटे मुनाफे के लिए उन्होंने इस तरह ठगी शुरू की.