आगरालीक्स…आगरा में डेयरी संचालक के यहां छापा. 42 कॉमर्शियल सिलेंडर मिले..प्लास्टिक की बोरियों के पीछे रखे हुए थे. जब्त किए, होगी कार्रवाई
आगरा में घरेलू गैस, डीजल, पेट्रोल के अवैध विक्रय, भंडारण, ओवररेटिंग, कालाबाजारी के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. डीएम के आदेश पर गठित टीमों द्वारा शुक्रवार को 42 रिटेल आउटलेट और गैस एजेंसियों की जांच की गई. टीम ने नूरी दरवाजा कालीबाडी रोड स्थित गोयल डेयरी पर औचक छापा मारा. मौके पर संचालक सोहनलाल पुत्र पृथ्वीनाथ निवासी नूरी दरवाजा मिले. टीम ने दुकान के अन्दर तलाशी ली तो प्लास्टिक की बोरियों से बनाये गये पर्दे के पीछे 42 व्यवसायिक गैस सिलेण्डर (10 भारत गैस कम्पनी के व 32 हिन्दुस्तान पेट्रोलिमय कम्पनी के) एक ऊपर एक रखे पाए गए.संचालक नहीं दिखा सका कागज
टीम ने सिलेण्डरों की जांच की तो सभी गैस सिलेण्डर खाली पाए गए. मौके पर सोहनलाल से सिलेण्डरों के सम्बन्ध में अभिलेख माँगे गये, जिस पर सोहनलाल द्वारा कोई अभिलेख प्रस्तुत नही किया गया. इस पर जांच दल द्वारा सभी 42 व्यवसायिक गैस सिलेण्डर (खाली अवस्था में) अपने कब्जे में लिया गया तथा मैसर्स मुगल गैस सर्विस गैस एजेन्सी के सुपुर्द किया गया. सोहनलाल द्वारा बिना किसी प्राधिकार के व्यवसायिक गैस सिलेण्डरों का भण्डारण कर उनका अवैध क्रय-विक्रय का कार्य किया जाना आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के अन्तर्गत दण्डनीय अपराध है. जिस पर सोहनलाल के विरूद्ध विधिक कार्यवाही अमल में लायी गयी. जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार सिंह के नेतृत्व जांच दल में रानू रस्तोगी, क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी व राजीव तिवारी पूर्ति लिपिक शामिल हैं.
इसके अलावा टीम द्वारा जिलाधिकारी द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुपालन में शुक्रवार को भ्रमणशील रहकर 42 रिटेल आउटलेट / गैस एजेन्सियों की जांच की. जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने जनपद में घरेलू गैस उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर की सुचारू एवं निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित कराने तथा उसकी सतत निगरानी के लिए तहसीलवार अधिकारियों की निगरानी टीमों का गठन किया है, सुनिश्चित किया जाएगा कि कहीं भी घरेलू गैस सिलेंडरों का अनाधिकृत भंडारण, डायवर्जन या कालाबाजारी न हो. किसी भी गैस एजेंसी या डिलीवरी मैन द्वारा उपभोक्ताओं से निर्धारित मूल्य से अधिक धनराशि न ली जाए.

अफवाहों पर भी प्रशासन की नजर
जिलाधिकारी ने यह भी निर्देशित किया है कि सोशल मीडिया अथवा अन्य माध्यमों के जरिए घरेलू गैस सिलेंडर की कमी से संबंधित भ्रामक एवं झूठे प्रचार पर कड़ी नजर रखी जाए. यदि कोई व्यक्ति अथवा सोशल मीडिया अकाउंट या किसी अन्य माध्यम से इस प्रकार के दुष्प्रचार में संलिप्त पाया जाता है तो उसके विरुद्ध कठोर विधिक एवं दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी. यदि कोई व्यक्ति, एजेंसी या प्रतिष्ठान घरेलू गैस सिलेंडरों के अनधिकृत भंडारण, डायवर्जन, कालाबाजारी, ओवररेटिंग या अनियमित वितरण में संलिप्त पाया जाता है तो उसके विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 की धारा 3/7 तथा भारतीय न्याय संहिता की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत मुकदमा दर्ज कर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी. साथ ही विभिन्न संचार माध्यमों के माध्यम से आमजन को यह जानकारी भी दी जाएगी कि जनपद में घरेलू गैस की कोई कमी नहीं है, जिससे उपभोक्ताओं में किसी प्रकार का भ्रम उत्पन्न न हो.