आगरालीक्स …आगरा में नगर निगम चुनाव का काउंट डाउन शुरू हो गया है, 22 नवंबर को मतदान के दिन सामूहिक अवकाश रहेगा, 16 पहचान पत्र से वोट डाल सकेंगे, वोट डालने के लिए प्रलोभन देने पर कार्रवाई होगी।
जिलाधिकारी गौरव दयाल ने बताया है कि मतदान वाले दिन 22 नवम्बर 2017 को सार्वजनिक अवकाश रहेगा साथ ही दुकानों एवं वाणिज्यक अधिष्ठानों में बन्दी दिवस घोषित किया गया है। मतदान के लिए पहचानपत्र के रुप में 16 पहचानपत्रों में से किसी एक को दिखाना अनिवार्य होगा। पहचान पत्रों में भारत निर्वाचान आयोग द्वारा निर्गत मतदाता पहचानपत्र, आधार कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेन्स, आयकर पहचानपत्र, राज्य/केन्द्र सरकार, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों, स्थानीय निकायों अथवा पब्लिक लिमिटेड कम्पनियों द्वारा उनके कर्मचारियों को जारी किये जाने वाले फोटोयुक्त पहचानपत्र, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों/पोस्ट आफिस द्वारा जारी फोटोयुक्त पासबुक, फोटोयुक्त सम्पत्ति सम्बन्धी मूल अभिलेख यथा-पट्टा विलेख, रजिस्ट्रीकृत डीड आदि, फोटोयुक्त पेंशन अभिलेख यथा-भूतपूर्व सैनिक पेंशन बुक, पेंशन भुगतान आदेश, वृद्धावस्था पेंशन आदि, फोटोयुक्त स्वतन्त्रता संग्राम सेनानी पहचानपत्र, फोटोयुक्त शस्त्र लाइसेन्स, फोटोयुक्त शारीरिक रुप से अशक्त होने का प्रमाणपत्र, श्रम मंत्रालय की योजना के अन्र्तगत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर, सांसदों, विधायाकों/विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गये सरकारी पहचानपत्र, राशनकार्ड आदि।
उप निर्वाचन अधिकारी निधि श्रीवास्तव ने बताया है कि पहचानपत्रों में दिये गए दस्तावेज जो परिवार के मुखिया के पास ही उपलब्ध होते है, वे उक्त परिवार के दूसरे सदस्यों की पहचान के लिए भी वैध माने जाएगें, बशर्तें कि सभी सदस्य एक साथ आते है और उन सदस्यों की पहचान परिवार के मुखिया द्वारा की जाती है।
उडन दस्ते बनाए गए
नगरीय निकाय निर्वाचन के दौरान प्रत्याशियों तथा उनके समर्थकों द्वारा मतदाताओं को प्रलोभित कर मतदान प्रभावित करने के उद्देश्य से नकद धनराशि के वितरण की शिकायतें प्राप्त होती रही है जिससे निर्वाचन के दौरान प्रत्याशियोें के मध्य तनाव की भी स्थिति उत्पन्न होने की सम्भावना रहती है और इस प्रकार की सभी घटनाओं का सीधा प्रभाव निर्वाचन की शुचिता एवं निष्पक्षता पर पड़ता है। उपरोक्त सभी घटनाओं पर पैनी नजर रखे जाने हेतु उड़न दस्ते का गठन किया गया है।
उड़न दस्ते वाहनों और व्यक्तियों की चेकिंग करेंगे तथा मतदाताओं को प्रभावित करने हेतु संचरण किये जा रहे नकदी धन के जब्ती हेतु कार्यवाही सुनिश्चित करेंगे। जिन जनपदों में मतदान समाप्त हो जएगा, वहाँ मतदान की समाप्ती के तुरन्त पश्चात चेकिंग की कार्यवाही बन्द कर दी जाएगी। यदि किसी व्यक्ति के कब्जे में रु0 2.00 लाख से अधिक नकदी पायी जाती है, उसका कोई भी अभिलेख नहीं प्रस्तुत किया जाता है और संदेह का पर्याप्त आधार है कि इसका प्रयोग मतदाताओं को रिश्वत देने में किया जा सकता है तो उक्त धनराशि को जब्त कर लिया जाएगा और संबंधित प्रावधानों के अधीन कार्यवाही की जाएगी। उक्त कार्यवाही की सूचना आयकर विभाग को भी दी जायगी।