आगरालीक्स… आगरा में एक सुर में कहा कि बदलो अपनी सोच, बेटी नहीं है बोझ.. स्मृति संस्था और रेनबो हाॅस्पिटल के तत्वावधान में बुधवार को रैली का आयोजन किया गया। हर साल नए साल का आगाज इन संस्थाओं की ओर से इसी अभियान को जोर देने और बेटियों के जन्म और परवरिश को लेकर समाज को एक बार पुनः झकझोरने के उददेश्य से किया जाता है। सुबह 11 बजे रेनबो हाॅस्पिटल से गुरूद्वारा गुरू का ताल के लिए रैली रवाना हुई। रैली में शहर भर के विद्यालयों से आए छात्र-छात्राएं अपने हाथ में ‘बेटी-बचाओ, बेटी पढ़ाओ‘ अभियान से जुड़े बेटी को अधिकार दो, बेटों जैसा प्यार दो…, बदलो अपनी सोच, बेटी नहीं है बोझ…, नजरें बदलो नजारे बदलेंगे, सोच बदलो सितारे बदलेंगे…, जिस घर में बेटी का सम्मान, वह घर होता स्वर्ग समान…, बेटी नहीं है किसी से कम, बेटी से मिलेगा देश को दम, बेटी बढ़ेगी, देश बढ़ेगा…, बेटी नहीं है किसी से कम, मिटा दो अपने सारे भ्रम…, हर घर में आवाज उठेगी, बेटियां भी अब आगे बढेंगी…, हर बेटी की यही पुकार, हमारे जीवन में करो सुधार…आदि संदेश लिखीं तख्तियां, बैनर, स्टीकर हाथ में लेकर चल रहे थे।
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ये हुए शामिल
वर्ष 2018 में फोग्सी की अध्यक्ष डा. जयदीप मल्होत्रा और रेनबो हाॅस्पिटल के निदेशक डा नरेंद्र मल्होत्रा ने कार्यक्रम में सम्मिलित सभी लोगों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत, स्वस्थ भारत अभियान के तहत शहर को स्वच्छ बनाने की शपथ दिलाई। डा. जयदीप मल्होत्रा ने कहा कि नए भारत की लड़कियां अब बहुत आगे निकल गई हैं। समाज बदल रहा है, हालांकि अभी और सुधार की जरूरत है। शिक्षा से लेकर राजनीति और व्यापार से लेकर खेलों तक आज बेटियों ने खुद को अव्वल साबित किया है। साल 2018 में फोग्सी की अध्यक्ष होने के नाते हमने इस अभियान को भी यही नारा दिया है ‘पंख दो परवाज दो, नारी को आकाश दो….’। स्मृति संस्था के अध्यक्ष और रेनबो हाॅस्पिटल के निदेशक डा. नरेंद्र मल्होत्रा ने कहा कि महिलाओं के प्रति सोच बदलने की जरूरत है। सोच बदलेगी तो समाज बदलेगा। इसकी शुरूआत हमें अपने आप से करनी होगी। बेटियों का जन्म ही नहीं बल्कि जन्म के बाद उनकी शिक्षा और अच्छी परवरिश और समाज की किसी भी बुराई से टकराने का जज्बा पैदा करने तक हमें काम करना होगा। रैली गुरूद्वारा गुरू का ताल पहुंचकर संपन्न हुई, जहां सर्वश्रेष्ठ संदेश लिखी तख्तियों के आधार पर छात्रों को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में सहयोगी बनी राउंड टेबल संस्था की ओर से सभी विद्यालयों से आए छात्रों की ओर से उपहार बांटे गए।
ये हुए शामिल
मुख्य अतिथि एडीएम ईस्ट निधि श्रीवास्तव के साथ ही मुख्य चिकित्सा अधिकारी मुकेश कुमार वत्स, गुरूद्वारा गुरू का ताल के बाबा प्रीतम सिंह, रेनबो ग्रुप के चेयरमैन डा. आरएम मल्होत्रा, वरिष्ठ चिकित्सकों में डा. आरसी मिश्रा, डा. मधुसूदन अग्रवाल, डा. अनूप खरे, डा. वंदना कालरा, मेडिकल सुप्रिटेंडेंट डा. राजीव लोचन शर्मा, डायटीशियन रेनुका डंग, क्लब 35 कीं आशु मिततल, डा. निहारिका मल्होत्रा, डा. ऋषभ बोरा, डा. केशव मल्होत्रा, डा. मनप्रीत शर्मा, डा. शैमी बंसल, डा. हिमांशु यादव, डा. विश्वदीपक, डा. दीक्षा गोस्वामी, डा. शैली, डा मनोज शर्मा, सत्यमेव जयते के मुकेश जैन, लीडर्स आगरा के सुनील जैन, श्री निरोती लाल बौद्ध संस्थान के रवि कश्यप, एक पहल के मनीष राय, सेंट मैरी ग्रुप के विकास भारद्वाज, सजल भारद्वाज, राकेश आहूजा, अमृतपाल सिंह चडढा, लवकेश गौतम, सुदीप पुरी, तरूण मैनी, राजीव भसीन आदि ने छात्रों का उत्साहवर्धन किया। व्यवस्थाएं केशवेंद्र सिसौदिया, दीपक, नवनीत, जगमोहन, धर्मेंद्र, विशाल, मनोज, सचिन, संजू आदि ने संभालीं।
किया रक्तदान

स्मृति संस्था की ओर से एक रक्तदान शिविर का भी आयोजन किया गया। पुष्पा मां समाज चैरिटेबल ब्लड बैंक के सहयोग से रेनबो हाॅस्पिटल परिसर में ही सुबह 11 से अपराहन 03 बजे तक चले शिविर में राउंड टेबल, क्लब 35 प्लस, एक पहल, लीडर्स आगरा, सत्यमेव जयते आदि संस्थाओं के सदस्यों, रेनबो हाॅस्पिटल के स्टाॅफ समेत करीब 100 लोगों ने रक्तदान किया। चिकित्सकों ने कहा कि रक्तदान एक महादान है। हर व्यक्ति को अपने जीवन में रक्तदान अवश्य करना चाहिए। रक्तदान करके आप भी किसी का जीवन बचा सकते हैं। इसलिए रक्तदान से कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।