आगरालीक्स… आगरा के एक बडे कान्वेंट स्कूल के हाई प्रोपफाइल फैमिली के तीन छात्र घर से भाग गए, सीसीटीवी में ट्रॉली बैग खींचकर ले जाते हुए छात्रों को देख परिजनों के होश उड गए। ये तीनों छात्र आॅटो वाले की मदद से दिल्ली में मिल गए हैं। सोमवार रात को परिजन उन्हें लेने के लिए दिल्ली पहुंच गए।
आगरा के कमला नगर स्थित शांति नगर में प्रोपर्टी डीलर अजय तोमर और उनके भाई अरविंद तोमर रहते हैं। अजय तोमर का बेटा तनु सेंट कॉनरेडस में नौंवी का छात्र है, अरविंद तोमर के बेटे नितेश और बलूनी पब्लिक स्कूल में पढते हैं। ये तीनों रविवार रात को घर से चले गए, अपने साथ ट्रॉली बैग में सामान और ज्वैलरी ले गए।
गेट बंद कर चले गए छात्र, सीसीटीवी देख उडे होश
ये तीनों अपने घर का गेट बाहर से बंद कर गए, मोबाइल की सिम फेंक गए और मोबाइल अपने साथ ले गए। सुबह घर से तीनों बच्चों के गायब होने से परिजनों के होश उड गए, उन्होंने परिचितों के घर देखा वहीं भी बच्चे नहीं मिले। इसके बाद कमला नगर मुगल रोड पर लगे सीसीटीवी देखे तो अग्रवाल सेवा सदन के बाहर लगे सीसीटीवी में तीनों बच्चे दिखाई दे रहे हैं। ये ट्रॉली बैग को खींचकर ले जा रहे हैं।
दिल्ली में आॅटो चालक की मदद से मिले तीनों छात्र
ये तीनों आगरा कैंट से ट्रेन में बैठ गए और सोमवार सुबह निजामुदृदीन स्टेशन पर उतरे, वहां आॅटो चालक उनसे पूछने लगा कि कहां जाना है, बच्चे सही जवाब नहीं दे सके। इस पर एक आॅटो चालक को शक हुआ, वह तीनों बच्चों को अपने घर ले गया। उसने बच्चों से पूछा कि वे कहां के रहने वाले हैं, इस पर उन्होंने आगरा बताया, आॅटो चालक कासगंज का रहने वाला था, उसने बच्चों को खाना खिलाया और बातों की बातों में उनसे परिजनों का मोबाइल नंबर पूछ लिया।
फोन आते ही परिजनों की खुशी का नहीं रहा ठिकाना
सोमवार शाम को अजय तोमर के पास फोन आया, उन्हें आॅटो चालक ने बताया कि तीनों बच्चे दिल्ली में हैं, उन्हें लेने के लिए परिजन दिल्ली रवाना हो गए।
घर से भागने का कारण जानकर उड गए होश
ये तीनों बच्चे चचेरे भाई हैं, इनका कहना था कि परिजन एक साथ खेलने नहीं देते हैं, इससे ये परेशान था। उन्होंने एक साथ रहने के लिए घर से भागने का कदम उठाया।