आगरालीक्स…आगरा की मिनी सरकार यानी नगर निगम में चुनाव से पहले एक बार फिर से नाम बदलने की सियासत, कई मार्ग और चौराहों का नाम बदलने का प्रस्ताव हुआ पास।

नगर निगम में बुधवार को कार्यकारिणी की बैठक हुई। मेयर नवीन जैन की अध्यक्षता में हुई बैठक में पार्षदों ने प्रस्ताव रखे, जिन्हें पास कर दिया गया।
पार्षद नेहा गुप्ता ने प्रस्ताव रखा कि पुरानी विजय नगर कॉलोनी में विजय क्लब रोड एवं चौराहा का नाम श्री राम बाबू बंसल जी के नाम से रखा जाए। सर्वसम्मति से इस प्रस्ताव को पारित किया गया।
पार्षद नेहा गुप्ता ने बैठक में प्रस्ताव रखा कि वर्तमान में आगरा शहर में माथुर वैश्य समाज का कोई प्रतीक चिन्ह व स्तंभ कहीं भी स्थापित नहीं है। इसलिए माथुर वैश्य समाज के पूर्वजों की स्मृतियों को संजोए रखने के लिए आगरा में कमला नगर अथवा बलकेश्वर क्षेत्र में किसी चौराहे पर माथुर वैश्य समाज का एक स्तंभ स्थापित किया जाए। सर्वसम्मति से यह प्रस्ताव पास किया गया, साथ ही महापौर ने पार्षद नेहा गुप्ता और पार्षद प्रदीप अग्रवाल को यह जिम्मेदारी दी कि वह स्तंभ स्थापित करने के लिए उपयुक्त स्थान का चयन कर अवगत कराएं।
कार्यकारिणी के उपसभापति कर्मवीर सिंह ने प्रस्ताव रखा कि शास्त्रीपुरम चौराहा पर कायस्थ समाज के गौरव व श्री चित्रगुप्त जी महाराज के वंशज पूर्व प्रधानमंत्री श्री लाल बहादुर शास्त्री जी की प्रतिमा स्थापित की जाए। इस प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित किया गया।
पार्षद कर्मवीर का दूसरा प्रस्ताव रखा कि यमुना किनारा मोड़ से फाटक सूरजभान होते हुए सेकसरिया गर्ल्स स्कूल रोड का नाम समाजसेवी, प्राचीन पुष्टीय मार्गीय मथुराधीश मंदिर के महंत स्वर्गीय श्री हरि मोहन श्रोत्रिय के नाम से नामकरण किया जाए। इस प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित किया गया।
पार्षद अमित ग्वाला ने प्रस्ताव रखा कि पालीवाल पार्क स्थित जॉन्स लाइब्रेरी का नाम लोकतंत्र सेनानी एवं महान राष्ट्र भक्त श्री अधीश जी के नाम पर रखते हुए श्री अधीश पुस्तकालय किया जाए। इस प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित किया गया।
पार्षद सुषमा जैन ने प्रस्ताव रखा कि जयपुर हाउस स्थित आलोक नगर बी चौराहा का नाम धर्म, आध्यात्मिक, ज्योतिष एवं शिक्षा जगत के अग्रणी और संस्कृत मनीषी स्वर्गीय डॉक्टर चंदन लाल पाराशर के नाम से नामकरण किया जाए। इस प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित किया गया।
पार्षद मोहन शर्मा ने प्रस्ताव रखा कि पिछले 43 वर्षों से शहर में निकलने वाली वीरांगना झलकारी बाई शोभायात्रा के व्यय हेतु नगर निगम द्वारा दिए जाने वाले ₹40 हज़ार के अनुदान राशि को बढ़ाया जाए। कार्यकारिणी की सर्वसम्मति से इस अनुदान को बढ़ाकर ₹50 हज़ार कर प्रस्ताव को पारित किया गया।