आगरालीक्स.. आगरा में जीवनीमंडी रास्ता बंद होने से जाम, कंगना को वाई श्रेणी की सुरक्षा
रिया से पूछताछ जारी
सुशांत सिंह राजपूत मामले में ड्रग्स कनेक्शन तलाश रही एनसीबी ने आज दूसरे दिन भी मामले की मुख्य आरोपी रिया चक्रवर्ती से पूछताछ शुरू कर दी है। रविवार को हुई पूछताछ में उसने कई अहम आरोपों को कुबूल किया है। इस मामले में अब तक नौ लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। रिया चक्रवर्ती को आज गिरफ्तार किये जाने की संभावना है।
कंगना को वाई श्रेणी की सुरक्षा
सुशांत सिंह मामले को लेकर अभिनेत्री कंगना रानौत और शिवसेना नेता संजय राउत के बीच जुबानी जंग खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। कंगना नौ सितंबर को मुंबई पहुंच रही है। शिवसेना कार्यकर्ताओं द्वारा उसके खिलाफ प्रदर्शन की संभावना के मद्देनजर केंद्र सरकार ने कंगना को वाई श्रेणी की सुरक्षा मुहैया कराई है। कंगना जब मुंबई पहुंचेंगी तो उनके साथ दो कमांडो समेत 11 सुरक्षाकर्मी रहेंगे।
189 बाद चली मेट्रो
कोरोना के चलते दिल्ली समेत देशभर में बंद मेट्रो का संचालन आज शुरू हो गया है। महाराष्ट्र में अगले महीने (अक्टूबर) से मेट्रो चलाई जायेगी। मेट्रो में सफर के दौरान यात्रियों को कई तरह के एहतियात बरतने होंगे। अभी पांच दिन तक दिल्ली में सिर्फ यलो लाइन पर मेट्रो चलेगी। सुबह और शाम चार-चार घंटे के लिए मेट्रो चलाने का फैसला लिया गया है।
दिल्ली में दो आतंकी गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस ने आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल से जुड़े दो आतंकियों को आज मुठभेड़ में गिरफ्तार किया है। उत्तर-पश्चिम दिल्ली में मुठभेड़ में पकड़े इन आतंकियों की पहचान भूपेंद्र आलियास उर्फ दिलाबर सिंह और कुलवंत सिंह के रूप में हुई है। इनके पास से भारी मात्रा में गोला-बारूद और हथियार बरामद किए हैं।
कोरोना के बीच राजनीति
बिहार में कोरोना का संक्रमण तेजी से फैल रहा है। इसके साथ ही विधानसभा चुनावों को लेकर राजनीतिक गतिविधियां भी तेज होने लगी हैं। जीतन मांझी के महागठबंधन से अलग होकर एनडीए में शामिल होने से राजनीतिक समीकरण बदलने लगे हैं। एनडीए के सहयोगी एलजेपी मांझी के एनडीए में शामिल होने से चिंतित है। एलजेपी प्रमुख चिराग पासवान ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
तीन साल तक रहेगा असर
कोरोना वायरस पर गहन अध्ययन करने वाले जर्मनी के मशहूर वैज्ञानिक हेन्ड्रिक स्ट्रीक ने चेतावनी दी है कि कोरोना वायरस का असर अगले तीन वर्षों तक हमारी जिंदगी पर रहेगा। उन्होंने कहा कि लोगों को अब इस वायरस के साथ जीने के लिए अभ्यस्त हो जाना चाहिए।
जर्मनी के इन्स्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी एंड एचआईवी रिसर्च के डायरेक्टर स्ट्रीक ने कहा कि वैक्सीन की कोई गारंटी नहीं है। इसलिए लोगों को अपनी जीवन शैली में बदलाव लाने के लिए तैयार रहना चाहिए।