आगरालीक्स… आगरा में धोखाधडी के मामले में एक और बिल्डर को अरेस्ट कर जेल भेज दिया है, बिल्डर पर आरोप है कि बिक चुके फ्लैट को फर्जी दस्तावेज तैयार कराकर दोबारा बेच दिया। पुलिस ने आरोपी बिल्डर को अरेस्ट कर जेल भेज दिया है।
आगरा में बिल्डर सतीश चाहर की शस्य मंगलम इन्फ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड है, उन्होंने खंदारी देव नगर में देव श्री अपार्टमेंट बनाया था। फीरोजाबाद निवासी सुरेश चंद्र जैन का आरोप है कि उन्हें बिक चुके फ्लैट को आरोपी बिल्डर ने 22 लाख रुपये लेकर फर्जी दस्तावेज तैयार कराकर दोबारा बेच दिया। उन्हें जानकारी हुई तो पैसे वापस मांगे, इस पर उन्हें धमकी देने लगे।
सात के खिलाफ दर्ज कराया था मुकदमा
इस मामले में सुरेश चंद्र जैन ने 11 अप्रैल 2017 को सतीश चाहर सहित सात के खिलाफ थाना न्यू आगरा में मुकदमा दर्ज कराया था। एएसपी श्लोक कुमार ने मीडिया को बताया कि बिल्डर सतीश चाहर को खंदारी से अरेस्ट कर जेल भेज दिया है, फरार चल रहे आरोपियों की तलाश में पुलिस टीम जुटी हुई है। गिरफ्तार करने वाली टीम में इंस्पेक्टर न्यू आगरा नरेंद्र कुमार सिंह, एसएसआइ जितेंद्र कुमार द्विवेदी, एसआइ रणजीत सिंह शामिल रहे।
20 नवंबर को निखिल होम्स का डायरेक्टर शैलेंद्र अग्रवाल अरेस्ट किया
आगरा में रियल एस्टेट के बडे कारोबारी निखिल होम्स के डायरेक्टर शैलेंद्र अग्रवाल को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया। करोड़ों की धोखाधड़ी में शैलेन्द्र अग्रवाल के घर की कुर्की के बाद 10 हजार का इनाम घोषित हुआ था। सोमवार को उसे अरेस्ट कर लिया।
मीडिया को एएसपी सीओ हरीपर्वत श्लोक कुमार ने बताया कि निर्भय नगर निवासी शैलेंद्र अग्रवाल पर दस हजार रुपये का इनाम घोषित था। पिछले महीने पुलिस ने निर्भय नगर स्थित उसके घर में कुर्की की थी। यह कुर्की अभी तक की सबसे बड़ी कुर्की थी। पांच ट्रक माल जब्त किया गया था। पुलिस शैलेंद्र की तलाश में लगातार दबिश दे रही थी। पूर्व में उसके साले शैलेंद्र को भी गिरफ्तार करके जेल भेजा गया था।
शैलेंद्र अग्रवाल के खिलाफ आधा दर्जन से अधिक प्रार्थना पत्र लंबित हैं। जो हाल ही में मिले हैं। उनमें भी धोखाधड़ी का आरोप है। फाइनेंस कंपनी ने भी उसके खिलाफ करोड़ों की धोखाधड़ी का मुकदमा लिखा रखा है। ज्यादा पीड़ितों का यही आरोप है कि बुकिंग के लिए पैसा दिया। फ्लैट नहीं मिला। कुछ लोगों ने तो यहां तक आरोप लगाए हैं कि उनके फ्लैट दूसरों को बेच दिए गए। फाइनेंस कंपनी का आरोप है कि एक फ्लैट पर कई लोगों को फाइनेंस कराया गया।
पहले बिल्डर पर कार्रवाई
धोखाधड़ी के आरोप में फंसा शैलेंद्र अग्रवाल पहला ऐसा बिल्डर है जिसके खिलाफ सख्त कार्रवाई हुई है। पुलिस ने उसकी हिस्ट्रीशीट खोली है। गैंगस्टर लगाया है। कुर्की कर चुकी है। इनाम तक घोषित किया गया।