आगरालीक्स.. आगरा में महिलाएं सुंदर दिखें, पूरी रुमानियत के साथ जहां जाएं वहां सुंदरता बिखेर दें, इसके लिए शारीरिक स्वास्थ्य और सुंदरता बनाए रखनी है तो सबसे जरूरी है सादा भोजन स्वस्थ आहार। अगर आप अच्छा भोजन करेंगे तो आप स्वस्थ तो रहेंगे ही साथ ही आपकी त्वचा पर चमक भी बनी रहेगी। यह जानकारी विशेषज्ञों ने दी।
क्लब 35 प्लस की ओर से सोमवार को हरीपर्वत चौराहे स्थित होटल होली-डे इन में महिलाओं के लिए खान-पान, सुंदरता और स्वास्थ्य को समर्पित एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें मिसेज इंडिया 2019 की फस्र्ट रनर अप और सीनियर न्यूट्रीशियन पायल सेठ ने महिलाओं को स्वास्थ्य और सौंदर्य के रिश्ते से अवगत कराया। कहा कि हम एक स्वस्थ और सुदृढ़ शरीर तो चाहते हैं, लेकिन डायट कभी भी पूरी तरह फाॅलो नहीं कर पाते। वजन कम करने के लिए अपने मनपसंद भोजन को त्यागना सबसे चुनौतीपूर्ण कार्यों में से एक होता है और हम सब यहीं आकर हिम्मत छोड़ देते हैं। दरअसल वजन कम करना इतना भी मुश्किल नहीं है। बस ये आपकी इच्छाशक्ति पर निर्भर करता है कि आप अपने शरीर को कितना फिट रखना चाहती हैं।
वरिष्ठ फिजीशियन डा. अरविंद जैन ने कहा कि 30 की उम्र पार करने के बाद महिलाओं को डायबिटीज और हाइपरटेंशन जैसी बीमारियां घेरने लगती हैं। अगर आप सुबह टहलने में रूचि नहीं रखती हैं, जिम नहीं जाती हैं तो आपको मोटापा अपना शिकार बनाता है और फिर यही आगे चलकर डायबिटीज की वजह बन जाता है। आगे चलकर यही सब ह्दय रोगों की भी वजह बन जाता है। ऐसे में महिलाओं के लिए जरूरी है कि वे घर के कामकाज के बीच खुद के लिए समय जरूरी निकालें।
वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ डा. जयदीप मल्होत्रा और डा. नरेंद्र मल्होत्रा ने बताया कि 30 की उम्र पार करने के बाद महिलाओं में कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं सामने आने लगती हैं। कमजोरी महसूस होना जैसी समस्याएं आम हैं, लेकिन बडे़ खतरों से बचे रहने के लिए सावधानी रखना जरूरी है। ब्रेस्ट या ओवरी के कैंसर से बचाने के लिए समय-समय पर स्क्रीनिंग करना जरूरी है। 40-45 वर्ष की आयु में मेनोपाॅज के लक्षण नजर आने लगते हैं, जिसके कारण महिलाओं को कई समस्याओं का सामना करना पड़ता है। डायबिटीज, हड्डियों का कमजोर होना, हाइपरटेंशन, दिल के रोग जैसी समस्याएं घेरने लगती हैं।
क्लब कीं अध्यक्ष अशु मित्तल ने बताया कि क्लब 35 प्लस आगरा में महिलाओं को बढ़ती उम्र में भी स्वस्थ और बेहतर जीवनशैली जीने के लिए प्रेरित कर रहा है। यही वजह है कि समय-समय पर महिलाओं के लिए कार्यशालाएं आयोजित की जाती हैं, ताकि नई जानकारियां हासिल की जा सकें। इस अवसर पर मोनिका अग्रवाल, आशु जैन, सुधा कपूर, वीणा मैदान, लवली कथूरिया, पुष्पा पोपटानी, सीमा गोयल, संगीता जैन, दीपाली खेत्रपाल, गीति माहेश्वरी, डॉ रुचिका गर्ग आदि मौजूद थे।