आगरालीक्स…आगरा के कृष्णा यादव और परवीन अली की जिंदगी मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना से बदली. पहले नौकरी की तलाश थी अब खुद का बिजनेस…आप खुद भी कर सकते हैं एप्लाई
प्रदेश में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना चलाई जा रही है जिसके तहत लोगों को युवाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने और स्वरोजगार स्थापित करने के लिए चलाई जा रही एक प्रमुख पहल है. आगरा में भी इस योजना का लाभ पात्र आवेदकों द्वारा उठाया जा रहा है. ऐसे ही दो लाभार्थी हैं गोकुलपुरा के रहने वाले कृष्णा यादव और खातीपाड़ा की रहने वाली परवीन अली.
सफलता की कहानी—पार्ट वन (कृष्णा यादव, गोकुलपुरा)
आगरा के गोकुलपुरा निवासी श्री कृष्णा यादव हैं, जिन्होंने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के माध्यम से न केवल अपना व्यवसाय स्थापित किया, बल्कि दूसरों के लिए भी रोजगार के अवसर सृजित किए. कृष्णा यादव बताते हैं कि सीमित संसाधनों और आर्थिक चुनौतियों के कारण उनके लिए स्वयं का उद्योग स्थापित करना आसान नहीं था. वे हमेशा अपना व्यवसाय शुरू करने का सपना देखते थे, लेकिन पूंजी की कमी उनके मार्ग में सबसे बड़ी बाधा थी. इसी दौरान उन्हें उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की जानकारी मिली. उन्होंने योजना का अध्ययन किया और आवश्यक प्रक्रिया पूरी करते हुए केनरा बैंक, सिकंदरा-बोदला रोड शाखा, आगरा से 5 लाख रुपये का ऋण प्राप्त किया.
कार्डबोर्ड उद्योग चलाया
ऋण मिलने के बाद उन्होंने कार्डबोर्ड उद्योग की स्थापना की. शुरुआत में उन्हें बाजार की प्रतिस्पर्धा, उत्पादन प्रबंधन और ग्राहकों तक पहुंच बनाने जैसी अनेक चुनौतियों का सामना करना पड़ा, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी. लगातार मेहनत, गुणवत्ता पर विशेष ध्यान और ग्राहकों के विश्वास ने उनके व्यवसाय को धीरे-धीरे सफलता की राह पर आगे बढ़ाया. योजना के अंतर्गत उन्हें 50 हजार रुपये का अनुदान भी प्राप्त हुआ, जिससे व्यवसाय को और अधिक मजबूती मिली. आज उनकी इकाई सुचारु रूप से संचालित हो रही है और नियमित आय का स्रोत बन चुकी है. सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि उन्होंने अपने साथ दो अन्य लोगों को भी रोजगार उपलब्ध कराया, जिससे उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति में भी सुधार आया है.
कृष्णा यादव का कहना है कि पहले वे नौकरी की तलाश में थे, लेकिन आज वे स्वयं रोजगार देने वाले उद्यमी बन चुके हैं. उनका मानना है कि यदि युवा सही दिशा में प्रयास करें और सरकारी योजनाओं का लाभ उठाएं, तो वे आत्मनिर्भर बनकर अपने सपनों को साकार कर सकते हैं. वे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी एवं जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहते हैं कि सरकार की यह योजना युवाओं के लिए वरदान साबित हो रही है। इस योजना ने न केवल उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाया, बल्कि आत्मविश्वास और सम्मान के साथ जीवन जीने का अवसर भी प्रदान किया.

सफलता की कहानी पार्ट 2 (परवीन अली)
लोहामंडी खातीपाड़ा के रहने वाले परवली अली भी सफल उद्यमियों में से एक हैं.परवीन अली बताती हैं कि वे लंबे समय से स्वयं का व्यवसाय स्थापित करने की इच्छा रखती थी. लेकिन आर्थिक संसाधनों की कमी के कारण उनका सपना पूरा नहीं हो पा रहा था. इसी दौरान उन्हें मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की जानकारी प्राप्त हुई. उन्होंने योजना के अंतर्गत आवेदन किया और उनकी पात्रता के आधार पर बैंक ऑफ बड़ौदा, आगरा शाखा द्वारा 5 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत किया गया. इसके साथ ही उन्हें सरकार की ओर से 50 हजार रुपये का अनुदान भी प्राप्त हुआ. परवीन अली ने कारपेट उद्योग से संबंधित अपना व्यवसाय प्रारंभ किया. उन्होंने आधुनिक संसाधनों और बेहतर प्रबंधन के साथ अपने कार्य को आगे बढ़ाया. मेहनत, लगन और योजना के सहयोग से उनका व्यवसाय लगातार प्रगति कर रहा है। आज उनकी इकाई सफलतापूर्वक संचालित हो रही है और उन्हें नियमित आय प्राप्त हो रही है. सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि अपने व्यवसाय के माध्यम से उन्होंने 4 अन्य लोगों को भी रोजगार उपलब्ध कराया है, जिससे उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति में भी सुधार आया है.
सीएम का जताया आभार, युवाओं से की अपील
परवीन अली मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहती हैं कि प्रदेश सरकार की यह योजना युवाओं के लिए किसी वरदान से कम नहीं है. इस योजना ने उन्हें आत्मविश्वास दिया, अपने पैरों पर खड़े होने का अवसर प्रदान किया और स्वरोजगार के माध्यम से सम्मानजनक जीवन जीने की राह दिखाई. परवीन अली अन्य युवाओं से भी अपील की है कि वे प्रदेश सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना का लाभ उठाएं, अपने सपनों को साकार करें और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं. उनका मानना है कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान युवाओं के जीवन में नई उम्मीद, नया आत्मविश्वास और नई पहचान देने वाली एक प्रभावी योजना है.
ये है प्रक्रिया
इस संबंध में उपायुक्त उद्योग शैलेन्द्र सिंह ने बताया कि वित्तीय वर्ष में प्राप्त 03 हजार के लक्ष्य के सापेक्ष शतप्रतिशत ऋण वितरण किया गया है, युवा उद्यमी व स्टार्टअप को बढ़ावा देने हेतु जिलाधिकारी मनीष बंसल द्वारा उक्त योजना में 01 हजार लक्ष्य की और वृद्धि करने के निर्देश दिए गये हैं. मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजनाओं के माध्यम से युवाओं के स्वरोजगार और स्टार्टअप के सपने तेजी से साकार हो रहे है।इन योजनाओं के तहत उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में सरकार ₹5 लाख तक का ब्याज-मुक्त (0ः ब्याज) और गारंटी-रहित लोन प्रदान कर रही है,यह योजना कैसे आपके सपने साकार कर सकती है.
प्रमुख वित्तीय लाभ
ब्याज-मुक्त ऋण- उद्योग और सेवा क्षेत्र में व्यवसाय स्थापित करने के लिए ₹5 लाख तक का लोन बिना किसी ब्याज के मिलता है तथा सीधे खाते में ट्रांसफर योग्य लाभार्थियों को योजना की धनराशि सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है.
पात्रता और शर्तें आयु सीमा
आवेदक की उम्र 21 से 40 वर्ष के बीच होनी चाहि, शैक्षणिक योग्यता न्यूनतम 8वीं पास होना अनिवार्य है’ अन्य योग्यता मान्यता प्राप्त संस्थान से कौशल प्रशिक्षण (प्रमाणपत्र, डिप्लोमा या डिग्री) होना आवश्यक है.