आगरालीक्स…आगरा में श्रुताभिषेक कर मनाया श्रुत पंचमी महोत्सव. प्राचीन शास्त्र करायें जायेंगे संरक्षित. ताजगंज जैन मन्दिर में भी मनाया गया श्रुत पंचमी महोत्सव
शनिवार को श्री 1008 महावीर दिगम्बर जैन मन्दिर डी ब्लाक कमलानगर में परम पूज्यनीय श्रमणि आर्यिका 105 अर्ह॔श्री माताजी ससंघ के मंगल सानिध्य में इस बार सकल समाज के द्रारा प्रथम बार श्रुताभिषेक किये गये. इस हेतु परम पूज्य मुनी प्रणम्यसागर जी महाराज के द्रारा प्राक्रुत मे रचित श्री वर्धमान स्त्रोत की ताम्र पत्रो पर लिखी प्रति का अभिषेक किया गया. जिनवाणी का प्रथम अभिषेक का सौभाग्य रूपेश जैन व प्रासुक जैन को मिला. इससे पूर्व आज की श्रीजी की विशेष शान्तिधारा का सौभाग्य प्रदीप जैन, राजेश जैन, मुकेश जैन को मिला.

इस दिवस एक सुसज्जित रथ मे पालकी रख कर थवला जी ग्रन्थ को विराजित कर बैन्ड बाजो के साथ नगर परिक्रमा की गयी जहां घर घर जिनवाणी आरती व आर्यिका संघ के पाद प्रक्षालन किए गये. आर्यिका माताजी ने कहा कि जब इन्सान की स्मृति कमजोर पड़ने लगी तब ही से आज ही के दिवस से शास्त्रों के लेखन पूर्ण कर संरक्षण का कार्यक्रम प्रारम्भ हुआ था. माताजी की प्रेरणा से कमलानगर समाज के द्वारा धवला जी,तत्वार्थसूत्रजी व भक्ताम्बर जी ग्रन्थ को ताम्र पत्रो पर प्रकाशित करा संरक्षित कराने की मुहीम भी आज ही से प्रारम्भ की गयी है,जिसके लीये सकल समाज खुले हस्त से दान दे रही है.
इस अवसर पर कमलानगर समाज के द्वारा माताजी का आगामी चातुर्मास कमलानगर आगरा मे करने हेतु श्रीफल अर्पण किया गया. आज की भव्य शोभा यात्रा मे आगरा के ट्रस्टी प्रदीप जैन, ट्रस्टी दिलीप जैन, ट्रस्टी मनोज कुमार जैन बाकलीवाल,आगरा दिगम्बर जैन परिषद के अध्यक्ष व मन्दिर जी के मुख्य संयोजक जगदीश प्रसाद जैन, चक्रेश जैन, अनिल जैन रईस, महेशचन्द जैन, अनिल एफसीआई, हरिश्चन्द्र सुभाष जैन, नरेश लुहाडिया, दीपचन्द जैन विनोद रांवका, वी के जैन, मनोज बूरा, संजय शास्त्री, विनोद जैन, मीडिया प्रभारी शुभम जैन सुवीणा रईस, रश्मि गोयल, ममता जैन समेत सैकड़ों लोग उपस्थित रहे. अन्त मे जिनवाणी पूजन के साथ कार्यक्रम सम्पन्न हुआ.

ताजगंज जैन मन्दिर मे मनाया गया श्रुत पंचमी महोत्सव
शनिवार को श्री 1008 पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर ताजगंज में श्रुत पंचमी पर जिनवाणी माता की पालकी यात्रा एव श्रुत स्कंध विधान परम पूज्य मुनि श्री 108 विश्रांत सागर जी महाराज एव मुनि श्री 108 विनिमेश सागर जी महाराज ससंघ के मंगल सानिध्य मे मनाया गया. जिसमें स्वर्ग कलश से शान्तीधारा का सौभाग्य नीरज जैन, राकेश जैन, मनोज जैन को मिला. इसके बाद ब्रह्ममचरणी गीता दीदी के निर्देशन मे श्रुत पंचमी विधान किया गया. इसमें मुख्य कलश मीरा जैन, मिथलेश जैन, रितु जैन, स्वाति जैन, सीमा जैन को मिला. मुनिश्री ने अपने मंगल प्रवचन मे कहा कि श्रुत पंचमी मे जिनवाणी माँ की आराधना हर वर्ष करनी चाहिये, ये ही धर्म है. इस मौके पर संजयबाबू जैन, संजय जैन, विजय जैन, योगेश जैन, पारस जैन, विनय जैन, अनुराधा जैन, शुभम जैन, मीरा जैन, गीता जैन, रितु जैन समस्त आदि लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे.