आगरालीक्स.. आगरा में कान्हा और आजाद ने एक साथ जन्म लिया, राधा और लक्ष्मी की किलकारी गूंजी, जन्माष्टमी और स्वतंत्रता दिवस पर प्री प्लांड डिलीवरी हुई, आगरा में मंगलवार को 250 से अधिक नवजात ने जन्म लिया।
आगरा में अपने लाडले के जन्मदिन को यादगार बनाने के लिए प्री प्लांड डिलीवरी का क्रेज लगातार बढ रहा है। ऐसे में मंगलवार को जन्माष्टमी और स्वतंत्रता दिवस एक साथ होने पर प्री प्लांड डिलीवरी कराने वालों की संख्या बढ गई। हॉस्पिटल में किलकारी गूंजी तो किसी ने इसे कान्हा और राधा से जोडकर यादगार बनाया। वहीं, इस बार स्वतंत्रता दिवस को अपनी जिंदगी से जोडने के लिए डिलीवरी कराई। मंगलवार को आगरा के निजी हॉस्पिटल, एसएन मेडिकल कॉलेज, लेडी लॉयल और स्वास्थ्य केंद्रों सहित करीब 250 नवजात ने जन्म लिया।
रेनबो हॉस्पिटल में मना जश्न

रेनबो हॉस्पिटल में मंगलवार सुबह नितेश की पत्नी सपना शर्मा की डिलीवरी हुई, बेटी के जन्म पर जश्न मना। इसके बाद राजकुमार सिंह की पत्नी मधु की डिलीवरी रेनबो हॉस्पिटल की टीम ने कराई, उन्होंने बेटे को जन्म दिया। हॉस्पिटल के प्रशासक राकेश आहूजा ने बताया कि सुबह से शुरू हुआ डिलीवरी का सिलसिला रात तक चलता रहा। कुछ लोगों ने रात 12 बजे कान्हा के जन्म के साथ डिलीवरी प्लान कराई।
रवि हॉस्पिटल में चार नवजात की गूंजी किलकारी

रवि वूमेन हॉस्पिटल में प्री प्लांड डिलीवरी हुई, डॉ रजनी पचौरी ने बताया कि जन्माष्टमी के साथ स्वतंत्रता दिवस पर भी दंपति ने डिलीवरी प्लान कराई, मंगलवार को यहां चार नवजात की किलकारी गूंजी।
डॉ कमलेश टंडन हॉस्पिटल में स्वतंत्रता दिवस बना यादगार
डॉ कमलेश टंडन नर्सिंग होम में छह डिलीवरी हुई, इसमें छह बेटियां और दो बेटे ने जन्म लिया। डॉ अमित टंडन ने बताया कि इस बार स्वतंत्रता दिवस के लिए प्री प्लांड डिलीवरी का क्रेज ज्यादा रहा।
बेटे और बेटियों का भेद हो रहा खत्म
प्री प्लांड डिलीवरी से लोगों की सोच में भी बदलाव देखने को मिल रहा है, अब बेटा हो या बेटी जश्न एक तरह से ही मनाया जाता है, लोगों की समझ में भी आने लगा है कि बेटा और बेटी एक बराबर हैं उन्हें काबिल बनाने की जरूरत है।