आगरालीक्स.. आगरा में शिकागो के बैंड व नासिक के ढोल के भक्तिमय संगीत के साथ श्रीजगन्नाथ की रथयात्रा निकली, भक्ति के सतरंगी रंग। श्रद्धाभाव का उत्साह और उमंग। विश्व पालनकर्ता श्री जगन्नाथ जी के रथ की अगुवाई करते सभी देवी देवता। जहां से श्रीजगन्नाथ जी की रथयात्रा गुजरी, वातावरण वृंदावनमय और भक्तिमय हो गया। श्रीफल के साथ सैकड़ों हाथ स्वर्णआभुषणों से सुशोभित जगतपालक श्री जगन्नाथ जी की आरती के लिए उठे तो हर ओर हरे राम हरे कृष्णा गूंज उठा। साथ में बहन सुभद्रा और भाई बलराम रथयात्रा की शोभा को और भी सुशोभित करते दिखे। इन मनोहारी दृष्य को देखने के लिए हर दृष्टि ललायित थी। श्री जगन्नाथ जी के रथ की रस्सी को हाथ लगाने मात्र के लिए लोगों की उत्सुकता और भंडारे का प्रसाद पाने के लिखी दिखी श्रद्धा इस कहावत को चरितार्थ करती नजर आयी कि श्री जगन्नाथ का भात, जगत पसारे हाथ।
श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव समिति द्वारा आयोजित श्रीजगन्नाथ रथयात्रा का शुभारम्भ इस्कॉन मंदिर के पुजारियों ने आरती के साथ श्रीमनःकामेश्वर मंदिर से किया। सबसे आगे श्री जगन्नाथ जी के आगमन की सूचना देता सूचना रथ था। दस ध्वजा पताकाओं से साथ ऊंट की सवारी और साथ में शुभ मंगल कार्य की घोषणा करती शहनाई वादकों की टोली। इसके पीछे था नासिक के ठोल का धूम धड़ाका। हर ओर श्री जगन्नाथ जी के पथारने का शोर था और वातावरण वृंदावनमय। सर्वप्रथम विघ्नविनाशक गणपति जी की झांकी और उसके बाद आगरा के प्रसिद्ध बैंड आनंदा के साथ माता शेरोंवाली की झांकी। मोहन बैंड के साथ जहां फूलों से सजी श्रीगिर्राज भगवान की झांकी भक्तों को आकर्षित कर रही थी वहीं चावला बैंड के साथ खाटू श्याम की जी झांकी भक्तों को रिझा रही थी। बर्फ के बाबा अमरनाथ की झांकी की अगुवाई चावला बैंड ने की। बंटी बबली फिल्म में धूम मचा चुका मिलन बैंड के साथ थी राज राजेश्वरी कैला चामुंडा देवी की फूल बंग्ले के साथ विशेष श्रंगारित झांकी। शिकागो के बैंड बृजवधु कीर्तन (निदेशक गौरामणी के निर्देशन में) में गोपी ड्रेस पहने सखियां भक्तिमय संगीत (रॉक फ्यूजन) पर झूमती दिखी। इस्कॉन के संस्थापक कृष्णकृपामूर्ति श्रीमद् एसी भक्तिवेदान्त स्वामी श्रीमल प्रभुपाद की झांकीऔर अंत में विभिन्न शहरों के इस्कॉन मंदिर की कीर्तन मंडलियों के साथ संसार रूपी रथ को हांकने वाले श्रीजगन्नाथ जी की झांकी। जिसके रथ की रस्सी को हाथ मात्र लगाने के लिए हर भक्त ललायित दिखा। अपनी आलौकिक आभा बिखेरती स्री जगन्नाथ जी की झांकी के साथ थीं सुभद्रा और बलराम।
रथयात्रा का संचालन हीरेन अग्रवाल, सारथी सुधाकर शर्मा, व्यवस्थाएं सम्भाली सुधीर अग्रवाल, शैलेश बंसल, अनूप अग्रवाल, हिमांशु गर्ग, दिनेश अग्रवाल, भरत शर्मा, विभू सिंघल, मोहनलाल अग्रवाल, आलोक कृष्ण अग्रवाल, संजय अग्रवाल आदि ने।
यहां हुआ स्वागत
मोतीगंज में दो कुंतल फूलों से श्रीजगन्नाथ जी का स्वागत किया गया। यहां मंच पर श्रीजगन्नाथ की झांकी के साथ फूल बंग्ला भी सजाया गया। स्वागत अखिल मंगल, अखिलेश अग्रवाल, शालू, नरेन्द्र, मोनू, कपिल आदि ने किया। घटिया फर्नीचर मार्केट पर अशोक मित्तल, अशोक गोयल, राधेश्याम राठौर, भारत भूषण गप्पी, सुनील जालान, सजल अग्रवाल ने श्री जगन्नाथ जी की आरती कर रथयात्रा का स्वागत किया। धूलियागंज पर नरेश वर्मा, योगेश शर्मा व अग्रवाल सुरिती प्रचारिणी सभा की ओर से दयानंद सिंघल व संजय गर्ग ने स्वागत किया। पथवारी पर श्याम सेवक मंडल के विनोद गोयल, संजय शर्मा, कचहरी घाट चौराहा पर अतुल अग्रवाल, चेतन बंसल, सत्यप्रकाश बंसल, कृष्णा बंसल, अरुण गोयल, अर्पित गोयल, राजेश भटनागर ने श्रीजगन्नाथ रथयात्रा का स्वागत किया।
भजन संध्या में भक्तिमय स्वरलहरियां बिखेरेंगे गोविन्द भार्गव
आगरा। रथयात्रा का समापन लगभग रात 8 बजे संजय प्लेस स्थित समिति कार्यालय पर होगा। जहां भजन संध्या में भजन गायक गोविन्द भार्गव भक्तिमय स्वरलहरियां बिखेरेंगे। वृंदावन के बरखा एंड ग्रुप द्वारा रास, मयूर नृत्य व फूलों की होली आदि सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। सांस्कृतिक संध्या का शुभारम्भ शाम 6 बजे से होगा। साथ ही भंडारे का आयोजन भी किया गया है।