आगरालीक्स…आगरा में भव्य स्वागत के साथ गुरुचरण यात्रा आगरा से हुई रवाना. गुरु गोबिंद सिंह जी की चरण पादुका और वस्त्रों के लोगों ने किए दर्शन
गुरु गोविंद सिंह जी वह खालसा की माता साहिब कौर जी के जोड़े चरण पादुकाएं व वस्त्र लेकर दिल्ली से चलकर आगरा पहुंची गुरुचरण यात्रा की गुरु का ताल से भारी पुष्प वर्षा व जयकारो के साथ विदाई हुई । गुरुचरण यात्रा 2 4 अक्टूबर की रात्रि को दिल्ली से आगरा पहुंची थी जो की 31 अक्टूबर को गुरुद्वारा श्री हरमंदिर साहिब पटना साहिब बिहार पर समाप्त होगी। यात्रा के स्वागत व रवानगी के दौरान आगरा की सिख संगत के साथ-साथ भारतीय जनता पार्टी के विधायक सांसद व अनेक पदाधिकारी भी मौजूद रहे।

दसवीं पातशाही गुरु गोविंद सिंह जी के जोड़े यानी चरण पादुकाएं और वस्त्र लेकर दिल्ली के गुरुद्वारा मोती बाग से निकला नगर कीर्तन रात्रि विश्राम के बाद 25 अक्टूबर की सुबह गुरुद्वारा गुरु का ताल से बरेली के लिए रवाना हो गयी। यात्रा की रवानगी से पूर्व गुरुद्वारा गुरु का ताल परिसर स्थित गुरुद्वारा मंजी साहिब में एक कीर्तन समागम का भी आयोजन किया गया । कीर्तन समागम की समाप्ति के बाद यात्रा की सफलता के लिए अरदास की गई। इसके बाद गुरु ग्रंथ साहिब महाराज के स्वरूप को गुरुद्वारा मंजी साहिब से पांच प्यारों की अगुवाई में पालकी में विराजमान करने के लिए एक सुंदर शोभा यात्रा के रूप में ले जाया गया पुष्प वर्षा के बीच कीर्तन और जयकारो के साथ चल रही संगत इस शोभा यात्रा को एक भव्य स्वरूप दे रही थी बस रूपी पालकी में गुरु ग्रंथ साहिब महाराज के स्वरूप को सुशोभित किया गया जिसके बाद चरण पादुका यात्रा को विदाई दी गई। । यात्रा की आगमन व विदाई के दौरान भारतीय जनता पार्टी के अनेक पदाधिकारी भी मौजूद रहे और उन्होंने यात्रा के स्वागत को अपना सौभाग्य बताया।
गुरुद्वारा गुरु का ताल के मौजूदा मुखी संत बाबा प्रीतम सिंह जी ने कहा कि अभी तक गुरु साहिब की यह निशानियां केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी के परिवार के पास थी जो वर्षों से उनकी सेवा संभाल कर रहे थे अब इन्हें आम संगत को समर्पित किया जा रहा है। इन ऐतिहासिक धरोहरों का दर्शन आगरा की जनता के लिए सौभाग्य की बात है।अब उनके दर्शनों के लिए पटना साहिब बिहार जाना पड़ेगा लेकिन आगरा की जनता की संगत को इसके दर्शन अपने शहर में ही हुए हैं।
गुरुद्वारा गुरु का लाल की मीडिया प्रभारी जसबीर सिंह जस्सी ने बताया कि गुरुचरण यात्राआगरा से चलकर टूंडला एटा कासगंज बदायूं होते हुए बरेली में समाप्त रात्रि विश्राम करेगी इस तरह से आगे पीलीभीत कानपुर लखनऊ प्रयागराज से सासाराम होते हुए पटना साहिब बिहार में जाकर 31 अक्टूबर को समाप्त होगी।
विदाई के दौरान
यात्रा लेकर आए पदाधिकारी व पांच प्यारों के साथ-साथ यात्रा के सहयोगियों को सिरोपा देकर सम्मान किया गया साथ ही यात्रा के साथ तख्त पटना साहिब व दिल्ली से गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की ओर से भी गुरुद्वारा गुरु का ताल के मुख्य संत बाबा प्रीतम सिंह जी वह अन्य प्रमुख जनों का प्रशस्ति पत्र देकर सम्मान किया गया।
इस दौरान भारतीय जनता पार्टी के महानगर अध्यक्ष
राजकुमार गुप्ता, प्रदेश महामंत्री व पूर्व विधायक
राम प्रताप सिंह चौहान , जत्थेदार राजेंद्र सिंह इंदौरिया बाबा अमरीक सिंह महंत हरपाल सिंह श्री गुरु सिंह सभा के प्रधान कवलदीप सिंह ,गुरुद्वारा माई थान के हेड ग्रंथि ज्ञानी कुलविंदर सिंह ,गुरमीत सिंह सेठी रमन साहनी ,बंटी ओबेरॉय ,बंटी ग्रोवर आदि मुख्य रूप से मौजूद रहे।