आगरालीक्स… Agra News: आगरा से जिंदगी देने वाली खबर, दुर्लभतम हार्ट में 99 प्रतिशत ब्लॉकेज के साथ छाती की खून की नली में सूजन से पीड़ित मरीज की स्टेंट और हार्ट बाईपास सर्जरी कर सीटीवीएस डॉ. सुशील सिंघल ने जान बचाई। सर्जरी के तीन महीने बाद मरीज पूरी तरह से ठीक है, मरीज की ये दो रिपोर्ट जिंदगी की जीत दर्शा रहीं हैं और इस तरह के तमाम मरीजों की जान बचाने की उम्मीद जगा रही हैं।
कार्डियोथोरेसिक वैस्कुलर सर्जन डॉ. सुशील सिंघल से इसी वर्ष फरवरी में परामर्श लेने पहुंचे 51 साल के भानु प्रकाश को जानलेवा लेफ्ट मेन डिजीज (हार्ट को खून सप्लाई करने वाली धमनी में 99 प्रतिशत तक ब्लॉकेज) और छाती की खून की नली में आठ सेंटीमीटर की सूजन (थोरैकोएब्डॉमिनल एओर्टिक एन्यूरिज्म) की समस्या थी। ये दुर्लभ केस होते हैं और दुनिया भर में एक प्रतिशत से कम केस की सर्जरी का ब्योरा दर्ज है।
एक महीने के अंतराल पर की गईं दो सर्जरी
कार्डियोथोरेसिक वैस्कुलर सर्जन डॉ. सुशील सिंघल ने बताया कि शांतिवेह हॉस्पिटल में मरीज की पहले स्टेंट डालकर नस को (Endovascular TEVAR) सुरक्षित किया गया। इसके एक महीने बाद आफ पंप लेफ्ट इंटरनल मैमारी आर्टरी ग्राफ्ट से हार्ट की बाईपास सर्जरी में की गई। इस तरह की सर्जरी बुहत कम देखने को मिलती हैं। सर्जरी के बाद मरीज पूरी तरह से ठीक हो गया।
तीन महीने बाद मरीज परामर्श लेने आया, जागी उम्मीद
कार्डियोथोरेसिक वैस्कुलर सर्जन डॉ. सुशील सिंघल के आरआर मेडिकेयर एंड हार्ट सेंटर कमला नगर में सर्जरी के तीन महीने के बाद भानु प्रकाश परामर्श लेने आएं। उनकी सभी जांचें -हार्ट के कार्य करने की क्षमता और नस में लगा हुआ स्टेंट पूरी तरह सामान्य पाया गया । यह सफलता सिर्फ एक सर्जरी नहीं, बल्कि यह विश्वास है कि अब आगरा में भी विश्वस्तरीय दिल का इलाज संभव है
अब मरीजों को बड़े शहरों की ओर भटकने की जरूरत नहीं | यह उपलब्धि पूरे आगरा शहर के लिए गर्व का विषय है और एक नई उम्मीद की शुरुआत भी!