आगरालीक्स आगरा में घर में खाना खाने के बाद सब्जी के भगोने में मरी हुई छिपकली देख उड़े होश, अस्पताल में भर्ती। जानें क्या छिपकली में जहर होता है या नहीं।
गांव रनूपुरा पिनाहट में गिरद सिंह और पंकज सिंह का परिवार एक साथ रहता है। शनिवार रात सात बजे पंकज सिंह की पत्नी रचना ने खाना बनाया। खाना परिवार में सभी बच्चों को खिला दिया और खुद भी खा लिया।
भगोने में पड़ी थी मरी हुई छिपकली
इसके बाद परिजनों की नजर सब्जी के भगोने पर पड़ी, उसमें मरी हुई छिपकली पड़ी हुई थी। इसे देख होश उड़ गए, परिवार के सभी लोग दहशत में आ गए। आठ साल की सोनल, 15 साल की तन्नू, आठ साल के कौशल, सात साल के संगम, 18 साल के जीवन और सात साल के शेर सिंह को सीएचसी में भर्ती कराया गया। सभी की तबीयत ठीक है।
घरेलू छिपकली में नहीं होता है जहर, गंदगी से फूड प्वाइजनिंग का खतरा
फोरेंसिक विशेषज्ञों के अनुसार, घरेलू छिपकली में जहर नहीं होता है इसलिए घबरा नहीं चाहिए। छिपकली गंदगी वाली जगह पर रहती है, कीड़े खाती है इसलिए उसके शरीर पर बैक्टीरिया होने की आशंका रहती है। छिपली के खाने में गिर जाने से फूड प्वाइनिंग का खतरा हो सकता है।