आगरालीक्स…बटेश्वर मेला 11 दिसंबर से होगा शुरू. कार्तिक पूर्णिमा पर होगा विशेष स्नान. डीएम ने लाखों श्रद्धालुओं के आगमन की संभावना के दृष्टिगत सीसीटीवी, अतिरिक्त पुलिसबल तथा सुरक्षा के कड़े इंतजाम के दिए निर्देश
जिलाधिकारी मनीष बंसल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट चैम्बर में मेला श्री बटेश्वरनाथ-2026 (11 से 28 नवंबर 2026) के आयोजन की तैयारियों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों द्वारा की जा रही तैयारियों की समीक्षा करते हुए सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने एसडीएम बाह एवं एसीपी बाह तथा पीडब्ल्यूडी एवं जिला पंचायत के संबंधित अधिकारियों को सभी रूटों का मौके पर निरीक्षण कर मरम्मत एवं अनुरक्षण कार्य, तथा पुलिस विभाग को निर्देशित किया कि सुगम आवागमन हेतु ट्रैफिक प्लान तथा वीआईपी रूट का निर्धारण करें, जिससे आम जनमानस को कोई परेशानी नहीं हो। बैठक में जिलाधिकारी ने एडी विद्युत तथा सीएफओ को विद्युत एवं फायर संबंधी ऑडिट कर इनकी रिपोर्ट देने के निर्देश दिए।
बैठक में बताया गया कि भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी की जन्मस्थली बटेश्वर में जिला पंचायत द्वारा दिव्य, भव्य एवं अलौकिक जनमेले का आयोजन किया जा रहा है। मेले में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों के आगमन की संभावना है। कार्तिक पूर्णिमा का मुख्य स्नान 24 नवंबर को होगा। बैठक में बताया गया कि लोक निर्माण विभाग द्वारा मेला स्थल तक संपर्क मार्गों की मरम्मत एवं अनुरक्षण तथा जिला पंचायत द्वारा परिक्रमा मार्ग, वीआईपी मार्ग, खांद चौराहा मार्ग, टीका मार्ग, ग्राम मई, शौरीपुर मंदिर एवं राजमाता मंदिर मार्ग सहित अन्य मार्गों की मरम्मत, झाड़ियों की कटाई तथा मिट्टी द्वारा अनुरक्षण का कार्य संपन्न कराया जाएगा। जिलाधिकारी ने मेला प्रारंभ होने से पूर्व सभी मार्गों को आवागमन योग्य बनाने तथा समस्त व्यवस्थाओं को समयबद्ध रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए। बैठक में मेला स्थल पर श्रद्धालुओं एवं व्यापारियों के आवागमन हेतु रोडवेज द्वारा आवश्यक अतिरिक्त बसों का संचालन तथा उनके ठहराव हेतु खांद चौराहे के पास अस्थाई बस स्टैंड स्थापित किया जाएगा। बैठक में विद्युत विभाग द्वारा 250 किलोवाट का अस्थाई कनेक्शन एवं तीन ट्रांसफार्मर लगाए जाने की अपेक्षा की गई। बैठक में बताया गया कि संपूर्ण मेला क्षेत्र में सुचारू विद्युत आपूर्ति व्यवस्था हेतु 125 किलोवाट के दो, 62, 15 एवं 5 किलोवाट के एक-एक जनरेटर की व्यवस्था की जाएगी। जिलाधिकारी ने सभी विद्युत कनेक्शनों, ट्रांसफार्मरों एवं बिजली के खंभों की पूर्व जांच कराने तथा मेला क्षेत्र, घाटों एवं मंदिरों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
घाटों एवं सुरक्षा की व्यवस्था
बैठक में बताया गया कि मेला श्री बटेश्वरनाथ यमुना नदी के किनारे आयोजित होता है। कार्तिक पूर्णिमा स्नान 24 नवंबर 2026 को लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं के आगमन एवं उनकी सुरक्षा के दृष्टिगत यमुना घाटों पर पर्याप्त गोताखोर तैनात किए जाएंगे। नदी में बैरिकेडिंग, लाल झंडी, गहरे जल के संकेतक, रस्से एवं अस्थाई वाच टावर की व्यवस्था रहेगी। फ्लड पीएसी के स्टीमर से भी निगरानी की जाएगी। गौरी घाट पर 12 स्थाई एवं विभिन्न घाटों पर चार अस्थाई चेंजिंग रूम बनाए जाएंगे। पुलिस द्वारा अस्थाई चौकियां स्थापित कर सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि स्नान के दौरान भीड़ प्रबंधन एवं श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक इंतजाम पहले से सुनिश्चित कर लिए जाएं।
चिकित्सा, पेयजल एवं फायर सुरक्षा व्यवस्था
बैठक में बताया गया कि मेले में अस्थाई चिकित्सालय स्थापित कर चिकित्सक, एएनएम, प्रशिक्षित स्टाफ, एंबुलेंस, ऑक्सीजन एवं पर्याप्त दवाओं की व्यवस्था की जाएगी। एंटी स्नेक वीनम इंजेक्शन की भी उपलब्धता रहेगी। पशुपालन विभाग द्वारा पशुओं के उपचार हेतु अस्थाई पशु चिकित्सालय बनाया जाएगा। पशुओं के पेयजल हेतु 14 पेयजल पोस्ट, 18 पशु पेयजल हौदियां एवं छह पानी के टैंकर उपलब्ध रहेंगे। अग्निशमन विभाग द्वारा फायर वाहन एवं आवश्यक स्टाफ की तैनाती की जाएगी। जिलाधिकारी ने चौबीस घंटे चिकित्सकों तैनाती सहित समस्त चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने मेला स्थल पर खोया पाया केंद्र, पब्लिक अलाउंस सिस्टम तथा कंट्रोल रूम स्थापित करने तथा विगत वर्ष के सापेक्ष सीसीटीवी कैमरा बढ़ाने के निर्देश दिए।
साफ-सफाई एवं शौचालय व्यवस्था
बैठक में बताया गया कि जिला पंचायत द्वारा 25-25 सफाई कर्मियों की दो शिफ्ट में तैनाती कर सफाई कराई जाएगी। कूड़ा एकत्र करने हेतु डस्टबिन एवं उसके निस्तारण हेतु ट्रैक्टर की व्यवस्था रहेगी। मेला क्षेत्र में 12 शौचालयों वाला एक सामुदायिक शौचालय, मंदिर परिसर में आठ स्थाई शौचालय तथा 100 अस्थाई शौचालय बनाए जाएंगे। नगर निगम द्वारा दो मोबाइल टॉयलेट भी उपलब्ध कराए जाएंगे। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि मेले में नियमित सफाई एवं शौचालयों की स्वच्छता सुनिश्चित की जाए।
मेले में पार्किंग की उचित व्यवस्था एवं विकास प्रदर्शनियां होंगी प्रदर्शित
मेले में खांद चौराहे पर रोडवेज बसों, वीआईपी रोड पर, पशु मेले के समीप मुख्य पार्किंग तथा बिजलीघर के पास साइकिल एवं मोटरसाइकिल स्टैंड की व्यवस्था की जाएगी। कृषि, वन, श्रम एवं अन्य विभागों द्वारा शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं पर आधारित विकास प्रदर्शनियां लगाई जाएंगी। वाहनों को मार्ग पर अड्डा बैरियर वसूली से मुक्त रखने तथा केवल निर्धारित पार्किंग स्थलों पर नियमानुसार शुल्क लेने का प्रस्ताव भी रखा गया।
जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि मेला प्रारंभ होने से पूर्व सभी तैयारियां पूर्ण कर ली जाएं। कार्तिक पूर्णिमा के मुख्य स्नान पर विशेष सतर्कता बरती जाए तथा घाटों, यातायात, विद्युत, पेयजल, चिकित्सा एवं साफ-सफाई की व्यवस्थाओं में कोई कमी न रहे। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करते हुए श्रद्धालुओं को सुरक्षित एवं सुगम सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।