आगरालीक्स… आगरा में आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने संघचालकों से कहा कि चुनाव पर ज्यादा जोर न दें, राष्ट्र को शिखर तक पहुंचाने के लिए काम करना होगा।
गुरुवार को आरबीएस कॉलेज के बिचपुरी कैंपस में संघचालकों की बैठक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ दलित एजेंडे पर आगे बढ़ेगा। संघचालक और प्रचारक दलितों के बीच जाएंगे। प्रवास करेंगे। उनसे संपर्क बढ़ाएंगे। उनके यहां भोजन भी करेंगे।
संघ प्रमुख ने ब्रज प्रांत के संघचालकों के साथ हुए जिज्ञासा समाधान सत्र में एक संघचालक द्वारा पूछा गया कि चुनाव में काम करते हैं, वादे भी करने पड़ते हैं। चुनाव बाद लोगों की हमसे अपेक्षा बढ़ जाती हैं, संघ प्रमुख ने कहा कि अब तक 16 लोकसभा चुनाव हो चुके हैं। हमने पांच में काम किया होगा। चुनाव पर हमें ज्यादा जोर नहीं देना चाहिए।
पहले सत्र में संगठन के विस्तार और उसमें संघचालक की भूमिका पर विस्तार से चर्चा हुई। संघचालकों को उनके दायित्वों का बोध कराया। कहा कि संघ की व्यवस्था में संघचालक पहले हैं, प्रचारक बाद में। वर्ष 1929 में संघ में पहले संघचालक की भूमिका का निर्माण हुआ। शहरी क्षेत्रों में संघ की शाखाएं बीते सालों में बढ़ी हैं। मगर ग्रामीण अंचल में विस्तार करना है। कहा कि आज भी बहुतायत में आबादी गांव में निवास करती है। अगले साल यानि 2019 तक हर गांव तक शाखा पहुंचाने का लक्ष्य दिया गया है।
संघ प्रमुख ने कहा कि संघचालक हर हाल में सप्ताह में दो दिन गांवों में बिताएं। लोगों से संपर्क बढ़ाएं। जब भी संपर्क घटता है तो इसका नुकसान संघ को उठाना पड़ता है। अपने क्षेत्र की सेवा बस्तियों में जाने का आह्वान किया। कहा कि दलितों-निर्धनों के घर जाएं। उनकी दिक्कतें जानें। उनके साथ बैठें, भोजन करें।

पहले दिन की बैठक में ब्रज प्रांत के 330 संघचालक मौजूद रहे। इनमें नगर, खंड, महानगर, विभाग, प्रांत के क्षेत्र संचालक तक की मौजूदगी रही। इनकी बैठक का सिलसिला शाम पांच बजे खत्म हो गया। इसी समय से सामाजिक सद्भाव प्रमुखों का जुटना शुरू हो गया। शाम सात बजे बाद उनकी बैठकों का सिलसिला शुरू हो गया। शुक्रवार को संघ प्रमुख भागवत इनकी बैठक लेंगे।