आगरालीक्स…आगरा के विवि में प्रो—वाइस चांसलर रह चुके गणित के अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त विद्वान प्रो. सुन्दर लाल का निधन. एसएन में किया देहदान
वीबीएस पूर्वांचल विश्वविद्यालय, जौनपुर के पूर्व कुलपति एवं गणित के अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त विद्वान प्रो. सुन्दर लाल का कल देर रात आगरा स्थित उनके निवास पर निधन हो गया। उनके निधन से न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि देश के उच्च शिक्षा जगत को गहरा आघात पहुँचा है। विनम्र स्वभाव, सादगीपूर्ण जीवन और असाधारण बौद्धिक क्षमता के धनी प्रो. सुन्दर लाल को शिक्षक, शोधकर्ता और कुशल प्रशासक के रूप में सदैव स्मरण किया जाएगा।आगरा में रहे प्रो—वाइस चांसलर
प्रो. सुन्दर लाल ने दिसंबर 2010 से दिसंबर 2013 तक वी. बी. एस. पूर्वांचल विश्वविद्यालय, जौनपुर के कुलपति के रूप में सेवाएँ दीं। इसके अतिरिक्त वे डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा में प्रो-वाइस चांसलर तथा कुछ अवधि के लिए कार्यवाहक कुलपति भी रहे। गणित विभागाध्यक्ष, विज्ञान संकायाध्यक्ष एवं मानद पुस्तकालयाध्यक्ष जैसे दायित्वों का उन्होंने अत्यंत निष्ठा के साथ निर्वहन किया ।
सेवानिवृत्ति के बाद भी विवि में दे रहे थे निशुल्क सेवाएं
सेवानिवृत्ति के पश्चात भी प्रो. सुन्दर लाल का जीवन शिक्षा को समर्पित रहा। वे डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा के गणित विभाग में लंबे समय से अभी तक निःशुल्क सेवाएँ देते रहे और विद्यार्थियों को गहन विषयवस्तु को सरलता से समझाने के लिए विशेष रूप से प्रसिद्ध थे। शोध और अध्यापन के प्रति उनका समर्पण विद्यार्थियों और सहकर्मियों के लिए प्रेरणास्रोत रहा। गणित के क्षेत्र में उनका योगदान अत्यंत व्यापक रहा। उन्होंने 76 से अधिक शोध पत्र प्रकाशित किए, अनेक राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों में भाग लिया और दर्जनों शोधार्थियों को पीएच.डी. उपाधि हेतु मार्गदर्शन प्रदान किया ।
प्रो. सुंदरलाल का देर रात लगभग 12:30 बजे निधन हो जाने पर परिवारीजनों ने श्री क्षेत्र बजाजा कमेटी के महासचिव राजीव अग्रवाल से देहदान प्रक्रिया पूरी कराने को सम्पर्क किया। उन्होंने उनका नेत्रदान कराने की भी सलाह दी। रात्रि में ही एसएन के डाक्टर्स टीम एवं ग्रीफ काउंसलर दीपक शर्मा के सहयोग से सुन्दर लाल का बजाजा कमेटी द्वारा नेत्रदान प्रक्रिया पूरी कराई गई। उनकी इच्छानुसार देहदान के लिए उनका पार्थिव शरीर शनिवार को बजाजा कमेटी की गाड़ी से उनके निवास से एसएन लाया गया।एनाटॅमी विभागाध्यक्ष डा अंजली को पार्थिव शरीर सौंप दिया गया। अध्यक्ष अनिल जिंदल ने देहदान के लिए परिवार की इस पहल के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। इस मौके पर देहदानी के पुत्र डाक्टर अंजने तक्षक, पुत्री डाक्टर स्वभा तक्षक, डा अभय गुप्ता, संजय चौधरी सहित परिवार के लोग तथा बजाजा कमेटी के उपाध्यक्ष विष्णु गर्ग, महासचिव राजीव अग्रवाल, मंत्री प्रशांत गुप्ता मौजूद रहे।
कुलपति का शोक संदेश
डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा की कुलपति प्रो. आशु रानी ने शोक व्यक्त करते हुए कहा की “प्रो. सुन्दर लाल का निधन शिक्षा जगत के लिए अपूरणीय क्षति है। वे एक महान शिक्षक, उत्कृष्ट गणितज्ञ और अत्यंत विनम्र व्यक्तित्व के धनी थे। देहदान का उनका निर्णय उनके उदात्त विचारों और समाज के प्रति समर्पण को दर्शाता है।