आगरालीक्स…आगरा की खूनी सड़कें. सड़क हादसों में हुई मौतों में आगरा यूपी में दूसरे नंबर पर. डरावने आंकड़े…अब डीएम और ट्रैफिक पुलिस को मिले ये आदेश
आगरा की सड़कें खूनी बन रही हैं. हर साल सड़क हादसों में मौतों की संख्या बढ़ रही है. इस साल के जो आंकड़े आए हैं वो काफी डरावने हैं, क्योंकि यूपी के अंदर सड़क हादसों में मौतों के मामले में आगरा दूसरे नंबर पर है. पहले नंबर पर कानपुर है. अगर बात पश्चिमी उत्तर प्रदेश की हो तो आगरा यहां एक्सीडेंट में मौत के मामले में पहले नंबर पर है. बढ़ते सड़क हादसों को देखते हुए मुख्य सचिव ने जिलाधिकारी और ट्रैफिक से जुड़े सभी विभागों को निर्देश दिए हैं और हादसों में 50 फीसदी की कमी लाने के उपाय करने के लिए कहा है.

सड़क हादसों में जान गंवाने वालों में इस साल अब तक 32.4 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है. पिछले साल जनवरी माह में 72 हादसों में 37 लोगों ने जान गंवाई थी पर इस साल 90 हादसों में 49 लोग अपनी जान आगरा में गंवा चुके हैं. घायलों की संख्या भी बढ़ी है. पिछले साल जहां घायलों की संख्या 46 थी तो वहीं इस साल 53 है. बात अगर आगरा के आसपास के जिलों की करें तो मथुरा और फिरोजाबाद में भी हादसों की संख्या बढ़ी है. पूरे प्रदेश के 20 जिलों में सड़क हादसों में मौतों की संख्या सबसे ज्यादा बढ़ी है जिसमें आगरा, मथुरा और फिरोजाबाद भी शामिल हैं.