आगरालीक्स…स्मार्ट सिटी और जी—20 ही नहीं, आगरा लोगों की वजह से भी बदल रहा है. आटो चालक नीरज तिवारी की तारीफ आप भी करेंगे, जब पढ़ेंगे ये पूरी खबर
आगरा में आटो चलाने वाले नीरज तिवारी का नाम चर्चा में है। उनकी हर तारीफ की जा रही है। आखिर नीरज ने ऐसा क्या किया? दरअसल नीरज आगरा फोर्ट रेलवे स्टेशन से आटो रिक्शा चलाते हैं। वे डाॅ. नवीन गुप्ता की सोल्जर्स आफ सोसाइटी टीम (एसओएस) के सदस्य हैं। बुधवार को सुबह 10 बजे जब वे अपना आटो रिक्शा लेकर फोर्ट स्टेशन पर खडे़ थे। तभी अहमदाबाद-कानपुर रेलगाड़ी आकर रूकी। इसमें से एक ही परिवार के तीन लोग नीरज के आटो में आकर बैठे और ताजमहल चलने को कहा। नीरज ने उन्हें ताजमहल छोड़ा और तय रूपये लेकर वापस आगरा फोर्ट रेलवे स्टेशन आ गए। वे दूसरी सवारी का इंतजार कर ही रहे थे तभी उनकी नजर आटो रिक्शा में पीछे रखे ट्राॅली बैग पर पड़ी। नीरज को समझते देर नहीं लगी कि यह सामान ताजमहल पर उतरे परिवार का ही है।
नीरज ने ताजमहल जाकर सामान लौटाने के बारे में सोचा लेकिन फिर दिमाग में ये बात आई कि कहीं उनको ढूंढते हुए पर्यटक आगरा फोर्ट न आ पहुुंचे। वे वहीं खडे़ होकर इंतजार करने लगे। कुछ ही देर में अहमदाबाद का यह परिवार अपना बैग ढूंढता हुआ आगरा फोर्ट रेलवे स्टेशन पहुंच गया। वे वहां आस-पास के लोगों से पूछताछ कर रहे थे। नीरज को पहचान भी नहीं सके। थोड़ी ही देर में नीरज वहां पहुंचे और बताया कि मैं वहीं आटो चालक हूं जिसने आपको कुछ देर पहले ताजमहल छोड़ा था। आपका बैग सुरक्षित है और मेरे पास है। इतना सुनते ही परिवार ने चैन की सांस ली।
बाद में नीरज और उनके साथ एजाज ने परिवार को बैग वापस लिया साथ ही बैग खोलकर अपना सामान चैक करने को कहा। जाने से पहले अहमदाबाद के इस पर्यटक अंकित पटेल और उनके माता-पिता ने नीरज, एजाज और उनकी पूरी टीम एसओएस की बहुत तारीफ की। उन्होंने डाॅ. नवीन गुप्ता को भी धन्यवाद कहा जो आटो रिक्शा चालकों को इस तरह के सामाजिक सदव्यवहार और ईमानदारी का प्रशिक्षण दे रहे हैं। अंकित ने अपने मोबाइल फोन पर एक मैसेज लिखा और डाॅ. नवीन गुप्ता को भेजा। इसमें अंकित ने कहा कि वे आश्चर्य में हैं कि आज भी समाज में इतनी ईमानदारी और ऐसे लोग हैं।