आगरालीक्स…आगरा के नामी अस्पताल को बदनाम करने की साजिश के आरोप में मुकदमा दर्ज. दो युवकों के खिलाफ केस
आगरा के थाना सिकंदरा में नामी अस्पताल को बदनाम करने की साजिश के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया गया है. अस्पताल का आरोप है कि मरीज के इलाज के पैसे न देने पर हुए विवाद के बाद सोशल मीडिया पर बदनाम करने की साजिश की गई. अस्पताल प्रबंधन की ओर से दो युवकों के खिलाफ केस दर्ज किया है.थाना सिकंदरा में शांतिवेद इंस्टीट्यूट आफ मेडिकल साइंसेस के मैनेजर जसवंत जॉनशन ने अस्पताल और अस्पताल के संचालक को बदनाम करने की साजिश के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया है. एफआईआर में कहा है कि 08 जुलाई 2025 को दिलीप पुत्र राजू गौतम निवासी शास्त्रीपुरम दहतोरा आगरा पैर में हड्डी टूटने के उपचार के लिए भर्ती हुआ था। जिसका निवा भूपा का हेल्थ इन्शुरन्स था इन्शुरन्स कंपनी ने मरीज का प्री अप्रूवल दे दिया जिसके आधार पर हाँस्पिटल द्वारा उसका इलाज किया गया, लेकिन 12 जुलाई को डिस्चार्ज के समय इंश्योरेंस कंपनी द्वारा क्लेम रिजेक्ट कर दिया गया.
बिल को लेकर हुआ था विवाद
एफआईआर में बताया कि इलाज का बिल 80437.00 रूपए था, जब ओम गौतम (मरीज का भाई) से बिल के भुगतान करने के लिए बोला तो बिल का भुगतान करने से मना कर दिया व धमकी देना लगा कि कोई भी भुगतान नही होगा. ओम गौतम और उनके साथी ने हास्पिटल परिसर में हंगामा किया व हॉस्पिटल स्टाफ के साथ अभद्रता व गाली गलौज करने लगे. हंगामे के दौरान ललित गौतम नामक व्यक्ति हाँस्पिटल आता है जो अपने आप को मरीज का भाई बता रहा था और आते ही ओम गौतम के साथ डॉक्टर श्वेतांक प्रकाश (संचालक शांतिवेद इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज) के चेंबर में जबरन घुसता है. चेंबर में घुसते ही डॉक्टर श्वेतांक प्रकाश के साथ अभद्र व्यव्हार व गाली गलोज करता है और धमकी देता है कि कोई भी पेमेंट नही होगा. स्थिति को देखते हुए थाना सिकंदरा को सूचित किया व लिखित प्राथमिकी भी दर्ज कराई. सिकंदरा थाने के हस्तक्षेप के बाद उपरोक्त बिल की धनराशि में से 50000.00 रूपये देने के लिए सहमत हुए. इसमें से 28000.00 रूपये ऑनलाइन पेमेंट किया व 22000.00 रूपए पोस्ट डिपोजिट चेक (संख्या 822286 दिनांक 12 जुलाई 2025 कनारा बैंक सिकंदरा आगरा) दिया व धमकी देकर जाते है कि हम तुम्हे देख लेंगे.
अस्पताल मैनेजर ने बताया कि इसके बाद ओम गौतम व ललित गौतम द्वारा 13 जुलाई को प्रतिष्ठित अस्पताल संचालक व अस्पताल को बदनाम करने व छवि धूमिल करने के लिए फेसबुक पर पोस्ट अपलोड करता है. जिस पोस्ट में एक प्रतिष्ठित डॉक्टर को जल्लाद नाम से सम्बोधित किया गया है जो कि एक प्रतिष्ठित व्यक्ति जो एक डाक्टर भी है के प्रति बहुत निराशाजनक है. उन्होंने कहा कि जो डॉक्टर दिन में 8 से 10 आपरेशन करते है, तमाम मरीजो को OPD में देखते है, उपरोक्त घटना की वजह से हॉस्पिटल संचालक मानसिक तनाव में हैं और अपने को असहज महसूस कर रहे है. उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.