आगरालीक्स…आगरा के हिन्दुस्तान कॉलेज के इलैक्ट्रोनिक्स विभाग के छात्रों ने किया एबीवी – आईआईआईटीएम ग्वालियर एवं डीआरडीई के साथ शैक्षिक भ्रमण
शारदा ग्रुप के प्रतिष्ठित संस्थान हिन्दुस्तान कॉलेज ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी के इलैक्ट्रॉनिक्स एण्ड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग के छात्रों ने निदेषक डॉ. आर. एस. पवित्र, इलैक्ट्रोनिक्स कम्युनिकेषन विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. मुकुन्द लाल, इंडस्ट्री इंटरफेस प्रमुख डॉ. टी सेंथिल के मार्गदर्षन में शैक्षिक भ्रमण के अंतर्गत अटल बिहारी वाजपेयी भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी एवं प्रबंधन संस्थान (एबीवी - आईआईआईटीएम) ग्वालियर तथा डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट एस्टैब्लिशमेंट (डीआरडीई), ग्वालियर का दौरा किया। इस अवसर पर विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. टी.एस. एस. सेंथिल भी छात्रों के साथ मौजूद रहे। यह शैक्षिक भ्रमण छात्रों के लिए एक गेमचेंजर अनुभव साबित हुई । न केवल छात्रों ने प्रतिष्ठित वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं से संवाद स्थापित किया बल्कि आधुनिक प्रयोगशालाओं का भी अवलोकन किया। इस शैक्षणिक यात्रा ने ईसीई विभाग की दिशा और भविष्य की संभावनाओं को नई ऊँचाई प्रदान की है ।डीआरडीई के निदेशक से विशेष मुलाकात
शैक्षिक भ्रमण के दौरान छात्रों को रक्षा अनुसंधान एवं विकास प्रतिष्ठान (डीआरडीई) ग्वालियर के निदेशक डॉ. मनमोहन परिदा से मिलने का अवसर प्राप्त हुआ। डॉ. परिदा ने छात्रों को रक्षा अनुसंधान, जैव प्रौद्योगिकी, बायोसेंसर और राष्ट्रीय सुरक्षा में नवीन तकनीकी योगदान के बारे में विस्तार से बताया। छात्रों ने उत्साहपूर्वक प्रश्न पूछे और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से गहन चर्चा की। विशेष रूप से प्रहास और अंशुल ने बायोसेंसर, कम्युनिकेशन डिवाइस एवं ब्रेन - कंप्यूटर चिप्स पर अपने विचार साझा किए और पैनल चर्चा में सक्रिय भूमिका निभाई ।
भ्रमण का सबसे प्रेरणादायक क्षण तब आया जब छात्रों ने एबीवी - आईआईआईटीएम ग्वालियर की "चिप टू स्टार्टअप " प्रयोगशाला का अवलोकन किया । यहाँ छात्रों को चिप डिजाइन, माइक्रोइलेक्ट्रॉनिक्स, संचार प्रणालियों और उभरती प्रौद्योगिकियों के प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त हुए । इस प्रयोगशाला की प्रमुख प्रोफेसर मनीषा पटनायक ने छात्रों का स्वागत किया और चिप डिजाइन से लेकर स्टार्टअप इकोसिस्टम तक के अवसरों पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि भारत में माइक्रोइलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर रिसर्च का भविष्य उज्ज्वल है और युवाओं की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है।
प्रो. एस. एन. सिंह से प्रेरणादायक संवाद
भ्रमण के दौरान छात्रों को एबीवी - आईआईआईटीएम ग्वालियर के निदेशक प्रो. एस. एन. सिंह से भी मिलने का अवसर मिला। वे एक विख्यात वैज्ञानिक हैं और ऊर्जा प्रबंधन, संचार प्रणालियों एवं स्मार्ट ग्रिड के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दे चुके हैं। प्रो. सिंह ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि आज के दौर में इलेक्ट्रॉनिक्स और संचार के बिना कोई भी क्षेत्र अधूरा है। चाहे रक्षा हो, स्वास्थ्य हो या उद्योग हर जगह इंजीनियरिंग विद्यार्थियों की महत्त्वपूर्ण भूमिका है। आप सभी भविष्य के तकनीकी दूत हैं ।
उनके प्रेरणादायक शब्दों ने छात्रों में आत्मविश्वास और शोध की ओर अग्रसर होने की नई ऊर्जा का संचार किया ।
इस भ्रमण में सभी छात्रों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और अपने विषयगत ज्ञान का विस्तार किया। उन्होंने पैनल चर्चाओं, इंटरैक्शन सत्रों और प्रयोगशाला भ्रमण में गहरी रुचि दिखाई। विशेष रूप से बायोसेंसर, रक्षा उपकरण, संचार डिवाइस तथा ब्रेन - कंप्यूटर इंटरफेस जैसी उन्नत तकनीकों पर हुई चर्चाओं ने छात्रों की सोच को एक नए आयाम से जोड़ा।
विभाग और कॉलेज का सहयोग
यह शैक्षणिक शैक्षिक भ्रमण हिन्दुस्तान कॉलेज के निदेशक, ईसीई विभागाध्यक्ष तथा संकाय सदस्यों के निरंतर सहयोग के बिना संभव नहीं हो पाती। छात्रों ने विशेष रूप से संस्थान के निदेशक डॉ. आर. एस. पवित्रा को धन्यवाद दिया, जिन्होंने उन्हें इस भ्रमण के लिए प्रेरित और प्रोत्साहित किया।
सहायक आचार्य डॉ. टी. एस. एस. सेंथिल ने इस भ्रमण को विभाग के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए कहा कि यह शैक्षिक भ्रमण न केवल छात्रों के शैक्षणिक विकास के लिए महत्त्वपूर्ण रही, बल्कि इसने हमें देश के प्रतिष्ठित संस्थानों के सा दीर्घकालिक संबंध स्थापित करने का अवसर भी प्रदान किया । यह शैक्षणिक भ्रमण हिन्दुस्तान कॉलेज के छात्रों के लिए ज्ञान, अनुभव और प्रेरणा का एक अद्वितीय संगम रहा। रक्षा अनुसंधान, सेमीकंडक्टर प्रौद्योगिकी, और संचार प्रणाली जैसे क्षेत्रों में हुए संवाद ने छात्रों को भविष्य की संभावनाओं के प्रति जागरूक किया। इस शैक्षिक भ्रमण ने छात्रों को न केवल वैज्ञानिक दृष्टिकोण से समृद्ध किया बल्कि उन्हें अपने करियर को शोध और नवाचार की दिशा में अग्रसर करने के लिए भी प्रेरित किया ।