आगरालीक्स…आगरा में महिलाओं ने सीखी जल चिकित्सा..पानी के अंदर योग के विभिन्न आसानों का कराया अभ्यास…
शहर की महिलाएं शारीरिक व मानसिक रूप से स्वस्थ रहने के लिए जल चिकित्सा अपना रही हैं। जल चिकित्सा से जोड़ों के दर्द में राहत व मांसपेशियों में लचीलापन आता है। इसी को लेकर पीएचपी के संचालक डॉक्टर प्रशांत गुप्ता और श्रीराम स्कूल दयालबाग के सहयोग से यह आयोजन किया गया. यह कार्यक्रम विशेष रूप से महिलाओं के लिए आयोजित किया गया, जिसमें जल में योग के विभिन्न आसनों का अभ्यास कराया गया. मुख्य अतिथि डॉ. सुभोद गुप्ता पूर्व सीएमओ और उनकी पत्नी सत्यवती गुप्ता, (मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के माता-पिता) जिनको बेस्ट पेरेन्टस से सम्मानित किया गया.जल चिकित्सा के जरिए से न सिर्फ बीमारियों से निजात पाया जा सकता, बल्कि शारीरिक और मानसिक तकलीफों को भी दूर किया जा सकता है। कमला नगर निवासी फिजियोथेरेपिस्ट डॉ प्रशांत गुप्ता बताते हैं कि जल चिकित्सा स्विमिंग पूल नूडल के द्वारा किया जाता है। इसके जरिये अपना वजन कम करने, घुटनों के दर्द से राहत और कंधों की मांसपेशियों को मजबूत किया जा सकता है। हर दिन उनके सेंटर में ही 30 से 40 महिलाएं खुद को फिट व स्वस्थ रखने के लिए यह धेरेपी सीख रही हैं।
जल चिकित्सा के प्रकारहाइड्रो वाटर वॉक-पूल के पानी में चलने से कैलोरी कम होती है, वजन कम होता है।
हाइड्रो स्कवाट पानी में कुर्सी पर बैठने की तरह रहते हैं। घुटने के दर्द के मरीजों के लिए फायदेमंद है।
हाइड्रो स्वीप वॉय हँड-यह उनके लिए है, जिनके हाथ ऊपर नहीं आते। इससे मांसपेशियां मजबूत होती हैं।