आगरालीक्स ..आगरा के डॉ भीमराव अंबेडकर विवि के दीक्षांत समारोह के लिए धोती कुर्ता और साडी ड्रेस कोड और री एग्जाम का मामला गर्माता जा रहा है। विवि अभी तक छात्रों की मार्कशीट नहीं दे सका है, सिस्टम को सुधारने पर ध्यान देने के बजाय अटपटे नियम और बदलाव किए जा रहे हैं। जिसे लेकर छात्रों में आक्रोश है, वीसी डॉ अरविंद दीक्षित द्वारा बदले गए नियम के विरोध में विवि में प्रदर्शन चल रहे हैं। छात्र करीब तीन घंटे तक बारिश में खडे रहे कुलपति को छात्रों की समस्या दिखाई नहीं दी, वे ड्रेस कोड पर मुहर लगवाने के लिए एकेडमिक काउंसिल और एग्जीक्यूटिव काउंसिल के सदस्यों का माइंड वॉश करने में जुटे रहे, ये सदस्य वे हैं जो कुलपति कोई भी हो, वह कैसे भी निर्णय ले लेकिन विरोध नहीं करते हैं।
4 नवंबर को विवि का दीक्षांत समारोह है, इसके लिए शिक्षक और छात्रों के लिए धोती कुर्ता, शिक्षिकाओं और छात्राओं के लिए साडी ड्रेस कोड रखा गया है। इसका सोशल मीडिया पर विरोध होने लगा है। ड्रेस कोड को लेकर तरह तरह की टिप्पणी की जा रही हैं, कुलपति की सोच और उनके अप्वाइंटमेंट पर भी सवाल उठ रहे हैं।
नकल वाले पास, री एग्जाम में फंसे स्कूल जाने वाले छात्र
विवि में दो विषय के तीन पेपर में री एग्जाम का नियम था, इस बार से नियम बदल दिया गया है। विवि में सालों से सामूहिक नकल हो रही है, इस बार भी हुई थी, जिन्होंने नकल की और एक भी दिन कॉलेज नहीं आए वे पास हो गए हैं। जो छात्र कॉलेज गए थे, पढने में कमजोर थे, पेपर में नकल नहीं की, वे एक से अधिक पेपर में फेल हो गए हैं। ये छात्र चाहते हैं कि पुराने नियम से ही री एग्जाम हो लेकिन कुलपति नियम बदलने के लिए तैयार नहीं हैं, उन्हें लगता है कि नियम बदलना उनकी कमजोरी होगी।