आगरालीक्स ..आगरा के डॉ आंबेडकर विवि ने बीएड फर्जीवाडे में बडा फैसला लिया है, 812 डिग्री निरस्त हो गईं हैं, इस तरह 3635 बीएड की डिग्री निरस्त हो चुकी हैं, इसमें से अधिकांश सरकारी स्कूल में शिक्षक हैं।
आगरा के डॉ भीमराव आंबेडकर विवि के बीएड सत्र 2004 05 में फर्जी डिग्री जारी की गईं, इन डिग्रियों से सरकारी शिक्षक बन गए। एसआईटी ने जांच की, जांच के बाद विवि को 4704 फर्जी छात्रों का रिकॉर्ड सौंपा। इस पर विवि प्रशासन ने फर्जी डिग्री के आरोपियों से 15 दिन में जवाब मांगा था, इसमें से 3537 फर्जी डिग्री थी, इन डिग्रीधारकों में से 817 ने अपने जवाब दिए। इन 814 को छोडकर 2823 की डिग्री निरस्त कर दीं थी।
817 में से 815 की आपत्ति खारिज, निरस्त हो जाएगी डिग्री
817 ने अपना जवाब दिया था, इसमें तर्क दिया गया कि उनकी डिग्री ठीक है, इसकी जांच कराई गई। बुधवार को ईसी की बैठक में इस पर चर्चा की गई। इसमें से 812 की आपत्ति को अमान्य माना गया है। दो छात्र ऐसे हैं जो एक्स छात्र के रूप में शामिल हुए थे, इनकी आपत्ति स्वीकार कर ली गई है। अब इन 812 की डिग्री भी निरस्त हो जाएगी, इस तरह 4704 में से 3635 की डिग्री निरस्त हो जाएंगी।
इस तरह हुआ खेल
विवि के बीएड 2005 के रिकॉर्ड में तीन तरह से गडबडी की गई। चार्ट में फर्जी छात्रों के नाम लिख दिए गए, कुछ छात्रों के नंबर बढा दिए और एक रोल नंबर पर दो छात्रों का नाम दर्ज कर दिया गया। इस मामले की हाईकोर्ट के आदेश पर एसआईटी ने जांच की और विवि को 4704 फर्जी छात्रों का रिकॉर्ड सौंप दिया है। विवि ने यह रिकॉर्ड वेबसाइट पर अपलोड कर दिया है