आगरालीक्स ..आगरा में एक स्कूल में पहली क्लास की छात्रा सोती रह गई, टीचर ने क्लासरूम बंद करा दिया। छात्रा की आंख खुली तो उसने गेट से बाहर निकलने की कोशिश की, इस दौरान उसका सिर गेट में फंस गया, पुलिस और स्थानीय लोगों ने छात्रा को बाहर निकाला। इस मामले में कॉलेज की प्रिंसिपल और एक टीचर को सस्पेंड कर दिया है।
आगरा के बाह के धोबई के प्राथमिक विद्यालय में शनिवार को शिक्षिकाओं की लापरवाही से एक छात्रा की जान पर बन आई। छुट्टी होने पर छात्रा कक्षा के अंदर ही रह गई। शिक्षिकाएं घर चली गईं। छात्रा ने बंद दरवाजे के रिक्त स्थान से निकलने का प्रयास किया। उसका सिर दरवाजे में फंस गया। उसकी चीखें सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे। हंगामा किया। पुलिस भी बुला ली गई। पुलिस ने कक्षा का ताला तोड़कर छात्रा को बाहर निकाला। उसको अस्पताल में भर्ती कराया गया है। धोबई गांव निवासी साक्षी परिषदीय प्राथमिक विद्यालय में कक्षा एक में पढ़ती है। दोपहर छुट्टी के बाद साक्षी एक कक्षा के अंदर ही रह गई। शिक्षिकाएं कक्षा का ताला लगाकर चली गईं। खुद को कक्षा में बंद देख साक्षी घबरा गई। उसने दरवाजे के दोनों किवाड़ों के बीच खाली सथान से बाहर निकलने का प्रयास किया। उसका शरीर तो बाहर आ गया लेकिन सिर फंस गया। साक्षी की चीखें निकल गईं। ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। उसके मामा दर्शन सिंह भी विद्यालय आ गए। पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस के पहुंचने पर ताला तोड़कर छात्रा को बाहर निकाला गया। उसे बाह के सीएचसी में भर्ती कराया गया है।
प्रिंसिपल और टीचर सस्पेंड
इस मामले में बीएसए अर्चना गुप्ता ने प्रिंसिपल तरन्नुम और सहायक प्रधानाचार्य मिथलेश वर्मा को सस्पेंड कर दिया है।
स्कूल में दो दिन बंद रहती छात्रा
छह अगस्त को रविवार है। विद्यालय की साप्ताहिक छुट्टी रहती। सात अगस्त को रक्षा बंधन के त्योहार के चलते अवकाश है। अगर साक्षी बंद दरवाजे से निकलने का प्रयास न करती और शोर न मचाती तो वह दो दिन कक्षा में बंद रहती। पिता की कैंसर से हो चुकी है मौत साक्षी के पिता रामहरी की कैंसर के चलते मौत हो चुकी है।