आगरालीक्स… यूपी में हाईस्कूल व इंटरमीडिएट विद्यालयों की मान्यता अब आसान नहीं होगी। पहले तीन साल की मान्यता फिर व्यस्था देख होगा नवीनीकरण।
डीआईओएस भवन के सामने फोटो खिंचाने से नहीं चलेगा काम
यूपी बोर्ड के हाईस्कूल और इंटरमीएट के स्कूलों के लिए मान्यता के नियम और नवीनीकरण के नियम कठिन कर दिए गए हैं। पहले मान्यता के लिए स्थलीय निरीक्षण में व्यवस्था थी कि डीआईओएस भवन के समक्ष खड़े होकर अपना व भवन का फोटो खिंचवाकर रिपोर्ट के साथ संलग्न करेंगे।
जनपदीय समिति करेगी निरीक्षण, वीडियोग्राफी
अब जनपदीय समिति विस्तृत निरीक्षण करेगी। समिति द्वारा निरीक्षण के समय विद्यालय भवन, प्रयोगशाला, खेल के मैदान, बाउंड्रीवाल, पुस्तकालय आदि की वीडियोग्राफी, फोटोग्राफी की जाएगी। इसे परिषद की वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा।
यह नई शर्ते भी शामिल की गई हैं
इसके अलावा नई शर्तों में विद्यालय में छात्र-शिक्षक अनुपात 40:01 से अधिक नहीं होगा। प्रत्येक विषय का एक शिक्षक होना अनिवार्य होगा। विद्यालय द्वारा लिए जा रहे शिक्षण शुल्क का लेखा-जोखा रखा जाएगा। शिक्षण शुल्क में से कम से कम 70 प्रतिशत शैक्षिक व अन्य कर्मियों की परिलब्धियों पर खर्च होगा। इसके अलावा अब शिक्षकों, छात्रों की उपस्थिति बोर्ड की वेबसाइट/पोर्टल पर प्रत्येक कार्यदिवस में दर्ज करनी होगी।