आगरालीक्स…ये कैसी मां, पत्नी को घर ले जाने के लिए थाने के अंदर हाथ जोड़ रहा था पति. बाहर खून से लथपथ थी मासूम बेटी की लाश. बेटी का चेहरा तक देखने नहीं आई बाहर…रोता रहा पति
आगरा मंडल के मैनपुरी जिले से एक संवेदनशील मामला सामने आया है. दो दिन से अपनी मां के लिए तड़प रही मासूम गुंजन थाने में मां को साथ ले जाने के लिए आई थी लेकिन थाने से बाहर निकलते ही सड़क की दूसरी ओर बैठे अपने नाना के पास जाते समय एक वाहन ने उसे टक्कर मार दी. इस हादसे में बच्ची की मौत हो गई लेकिन मां आखिरी बार भी अपनी बेटी का चेहरा देखने नहीं आई. थाने के अंदर पति पत्नी को साथ चलने के लिए हाथ जोड़ता रहा लेकिन महिला अपनी जिद के आगे टस से मस नहीं हुई.सात दिन पहले गायब हो गई थी शिवानी
मामला गांव कुंजलपुर का है. यहां रहने वाले संजू की शादी सात साल पहले भोगांव की रहने वाली शिवानी के साथ हुई थी. दोनों के दो बच्चे गुंजन और दो साल की किट्टू है. सात दिन पहलीे शिवानी घर से कहीं चली गई थी. उसे खूब तलाश किया गया लेकिन वह नहीं मिली. इस पर पति ने थाने में पत्नी की गुमशुदगी दर्ज कराई. पुलिस ने सोमवार रात को शिवानी को तलाश कर लिया और उसे थाने ले आई. सूचना पर पति संजू, उसके परिजन और शिवानी के मायके पक्ष के लोग भी थाने आ गए. सभी लोग शिवानी को घर वापस चलने के लिए समझा रहे थे लेकिन शिवानी पति के साथ जाने को तैयार नहीं थी. उसका कहना था कि वह अपनी मर्जी से किसी के साथ भी चली जाएगी लेकिन पति के साथ नहीं जाएगी. संजू ने दोनों बेटियों का वास्ता भी दिया लेकिन शिवानी टस से मस नहीं हुई.
इसी बीच दर्दनाक हादसा हो गया. मासूम गुंजन थाने से बाहर निकली और सड़क के दूसरे किनारे बैठे अपने नाना के पास जाने लगी लेकिन तभी एक वाहन की टक्कर से वह बुरी तरह से घायल हो गई और कुछ ही पल में उसकी मौत हो गई. बेटी का एक्सीडेंट होने पर पिता बाहर आया और बेटी को गोद में लेकर बुरी तरह से रोता रहा. इधर अन्य परिजन शिवानी के पास पहुंचे और बेटी की मौत् की जानकारी देते हुए शिवानी को चलने के लिए कहने लगे लेकिन शिवानी पर इसका कोई असर नहीं हुआ. वह बच्ची को देखने के लिए थाने के कमरे से चंद कदम बाहर भी नहीं निकली.