आगरालीक्स… आगरा में गुरुद्वारा दुख निवारण गुरु का ताल पर शरद पूर्णिमा 5 अक्टूबर गुरुवार को दमा, श्वांस और एलर्जी के मरीजों को निशुल्क दवा दी जाएगी।
गुरुद्वारा गुरु काताल पर संत बाबा साधू सिंह मोनी के समय 1971 से यह दवा गाय के दूध से बनी खीर में डालकर मरीजों को दी जाती है। इसमें विशेष किस्म के चावलों का प्रयोग किया जाता है। श्वांस, दमा एवं एलर्जी की यह दवा साल में सिर्फ एक बार शरद पूर्णिमा वाले दिन मिट्टी के सकोरे मे दी जाती है। दवा का अनुपात मरीज की उम्र व मर्ज की स्थिती देखकर निर्धारित होता है। इस बार दवा लेने उप्र, दिल्ली, पंजाब, राजस्थान, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, बिहार एवं हरियाणा के मरीजों ने अपना रजिस्ट्रेशन कराया है। गुरुद्वारा के मीडिया प्रभारी गुरनाम सिंह एवं समन्वयक बन्टी ग्रोवर ने बताया कि दवा देशी जड़ी बूटियों से बनी होती है। संत बाबा प्रीतम सिंह अपनी देख रेख में इसे तैयार किया जाता है।