आगरालीक्स…आगरा में कई ऐसे किरदार हैं जो पर्दे के पीछे रहकर काम करते हैं, आगरा के ‘अनसीन हीरो’ डाॅ. विजय किशोर बंसल को
अब जर्मनी की संस्था से मानद उपाधि, 25 संस्थाओं के ट्रस्टी जिन्हें ग्रेट वाॅरियर भी कहा जाता है. कई ऐसे किरदार हैं जो पर्दे के पीछे रहकर काम करना पसंद करते हैं। प्रचार माध्यमों से दूर रहकर सिर्फ मानवता की सेवा ही इनकी प्राथमिकता है। लेकिन सच्ची सेवा और अच्छे काम छिपते नहीं हैं। ऐसे ही अनसीन हीरो हैं डाॅ. विजय किशोर बंसल। यूएन की पीस काउंसिल द्वारा पीस अंबेसडर अवाॅर्ड के बाद इस बार उन्हें जर्मनी की संस्कृत एनसिएंट योगा यूनिवर्सिटी द्वारा मानद उपाधि से सुशोभित किया गया है।

बता दें कि ओल्ड विजय नगर काॅलोनी निवासी डाॅ. विजय किशोर बंसल की धार्मिक और सामाजिक पहचान अब शहर और जिला ही नहीं बल्कि राज्यों और देशों के बीच भी बंधी नहीं हैं। समाजसेवा के क्षेत्र में उनका नाम विदेशों तक गूंज रहा है। चार विदेशी यूनिवर्सिटीज ने उन्हें मानद उपाधि से सुशोभित किया है। हाल ही में दक्षिण कोरिया की बुसान क्रिश्चियन यूनिवर्सिटी फाॅर फाॅरेन स्टडीज ने डाॅक्टर आॅफ सोशल साइंस की मानद उपाधि प्रदान की। वहीं यूनाइटेड नेशन इंटरनेशनल पीस काउंसिल ने सम्मानित किया है। 29 अक्टूबर को तमिलनाड़ु के उटी में होने वाली अवाॅर्ड सेरेमनी में विशेष रूप से आमंत्र्ाित किया गया है। अमेरिका की दो प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटीज भी उन्हें डाॅक्टरेट की उपाधि से सम्मानित कर चुकी हैं। इंटरनेशनल ह्यूमन राइट्स एडवाइजरी काउंसिल ने उन्हें ग्रेट वाॅरियर की संज्ञा दी। लिम्का बुक आॅफ रिकाॅर्ड्स से जुड़ी ओएमजी संस्था ने सराहना की। कोरोना काल में अब तक देश-विदेश में उन्हें मिले अवाॅर्डस की यह फेहरिस्त बहुत लंबी है।
वर्ष 2020 में जब बेरहम महामारी बनकर कोरोना ने लोगों पर कहर बरपाया तो डाॅ. विजय किशोर बंसल ने एक योद्धा के रूप में कमान संभाली। लाॅकडाउन के दौरान मजदूरों को घरों में कैसे रोका जाए इस पर पुलिस के साथ काम किया। सहमति बनी कि घरों में ही खाना उपलब्ध करा दिया जाए तो वे बाहर आएंगे ही नहीं। गलियों, काॅलोनियों, बस्तियों में सर्वे कर सूची बनाई गई। डाॅ. विजय किशोर ने मां कैलादेवी धर्मशाला में हलवाई लगा दिए और दिन रात भोजन तैयार कराया। पुलिस ने इस भोजन के वितरण की जिम्मेदारी उठाई। अकेले दम पर ही 25 लाख से अधिक खाने के पैकेट वितरित कराए। कोरोना वायरस का प्रसार भी रोका। जिला अस्पताल को 1000 से अधिक एंटी रैबीज इंजेक्शन भी उपलब्ध कराए। ऐसे अनगिनत सेवा कार्य हैं जो डाॅ. विजय किशोर बंसल द्वारा संचालित किए जा रहे हैं।
वर्तमान में वे 25 संस्थाओं के ट्रस्टी हैं, समाजेवियों में उन्हें सर्वोपरि माना जाता है। उनके बारे में कहा जाता है कि इतनी संस्थाओं से जुड़े होने के बाद भी वे वहीं जाना पसंद करते हैं जहां वास्तव में गरीबों और असहायों की मदद की जा रही हो। कोरोना काल में प्रतिदिन 10500 लोगों केे लिए अकेले दम पर भोजन तैयार कराया। व्यवहार से वे बेहद सहज और सरल हैं।