आगरालीक्स…आगरा में डेंगू और बुखार का कहर जारी है. स्वास्थ्य विभाग ने कई अस्पतालों पर कार्रवाई की है.. जानिए कौन—कौन से अस्पताल किए सील और किन्हें मिला नोटिस
सीएमओ ने की कार्रवाई
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. अरुण श्रीवास्तव के निर्देशन में प्राइवेट अस्पताल और आगरा में चल रहे फर्जी अस्पताल और गैर कानूनी अस्पतालों के विरुद्ध कार्यवाही की श्रृंखला में आज तहसील फतेहाबाद में कार्यवाही कराते हुए फर्जी अस्पतालो को बन्द करके उनके विरुद्ध कानूनी कार्यवाही कर उन्हें तुरंत सील करके पूरी तरह बन्द करा दिया. इन अस्पतालों के नाम हैं डा अशोक चौहान क्लीनिक, डा गुड्डू क्लीनिक, श्रीराम हास्पीटल, बाला जी हास्पीटल एण्ड क्रीटीकल केयर सेन्टर. इसके अलावा कई अस्पतालों को नोटिस दिया गया है कि वे शीघ्र ही अपने क्लीनिक चलाने के पक्ष में सम्बन्धित दस्तावेज मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में उपस्थित होकर प्रस्तुत करें वे हैं सीताराम डेण्टल एण्ड आई केयर सेंटर, एसएन पौली क्लीनिक और श्रीराम हास्पीटल.
गैर कानूनी क्लीनिक नहीं चलने देंगे
स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ जिला प्रशासन की ओर से तहसील फतेहाबाद के एसडीएम जे पी पाण्डेय की देखरेख में ये सभी गैर कानूनी क्लीनिक और फर्जी डाक्टर्स के विरुद्ध शील करने की प्रक्रिया एवं प्रशासनिक कार्यवाही की गयी. फर्जी अस्पतालो के विरुद्ध कानूनी कार्यवाही करते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा अरूण श्रीवास्तव द्वारा जनता को ये विश्वास दिलाया गया कि जनपद आगरा में गैर कानूनी क्लीनिक नहीं चलने देंगे और ना ही इन फर्जी चिकित्सकों द्वारा कोई जनहानि नहीं होने देंगे. जनता को क्वालीफाइड चिकित्सकों द्वारा सही इलाज और पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए कटिबद्ध हैं. मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा ये स्पष्ट कर दिया गया कि जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए निष्पक्ष कार्यवाही की जायेगी उन्होंने ये भी कहा कि सभी सरकारी एवं प्राइवेट हॉस्पिटल जनता को सुलभ और अच्छी स्वास्थ्य की सेवायें प्रदान करने के सदैव तैयार हैं यदि इनके द्वारा कभी भी किसी भी प्रकार की कोई लापरवाही की जाती है तो उसे वरदास्त नहीं किया जायेगा.
पिनाहट में 5 हजार से अधिक लोगों का हुआ चेकअप
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि ब्लाक पिनाहट में विशेष स्वास्थ्य कैम्प लगाकर गांव गांव में चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई है, जिसके लिए जनपद स्तर से 2 चिकित्सक, 5 फार्मासिस्ट, 2 सीएचओ को पिनाहट भेजा गया है. अब तक वहां के 50 से भी अधिक गांवों में स्वास्थ्य कैम्प लगाए चुके हैं. इन कैम्पों 5000 से अधिक लोगों के स्वास्थ्य चैक अप किए जा चुके हैं जिनमें बुखार के लगभग 150 मरीजों की ब्लड स्लाइड्स बनाकर मलेरिया को चैक किया गया है जिनमें से कोई भी मलेरिया का मरीज नहीं मिला.
सीएमओ ने की मुलाकात
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ अरुण श्रीवास्तव द्वारा अपनी टीम के साथ स्वयं पिनाहट के गांव उत्साना, बाग उन्हें और तिवरिया तिहाई पुर में जाकर वहां की जनता से मुलाकात की और स्वास्थ्य केंम्पों का निरीक्षण भी किया टीम में जिला मलेरिया अधिकारी रमाकांत दीक्षित, डीपी एम कुलदीप भारद्धाज आदि उपस्थित रहे. स्वास्थ्य कैम्प लगाकर वहां की जनता को इलाज प्रदान किया गया जिनमें कुल 175 लोगो का स्वास्थ्य चैक अप किया गया जिनमें 51 जुकाम बुखार के मरीजों को दवा देकर उनकी ब्लड स्लाइड्स बनाकर मलेरिया चैक किया गया. कोई भी मलेरिया का मरीज नहीं मिला. इन गांवों में स्वास्थ्य विभाग की टीम चिकित्सा अधीक्षक डॉ विजय कुमार के नेतृत्व में डा कपिल यादव, डा लक्ष्मी नारायण वर्मा, फार्मासिस्ट प्रशांत पाठक, एलटी अतुल दीक्षित, एलए राना प्रताप आदि द्वारा मरीजों को देखा गया. पिनाहट ब्लाक के गांवों में लगातार मलेरिया टीम द्वारा नालियों और एकत्रित और जलभराव वाले स्थानों पर एन्टी लार्वा से छिड़काव और मच्छर मारने की दवा डालकर फौगिंग की जा रही है जिसके द्वारा मलेरिया और डेंगू को नियंत्रित किया जा सके.