आगरालीक्स…(30 November 2021 Agra News) एक महीना और बीत गया पर नहीं चालू हुआ आईएसबीटी फ्लाईओवर…अगस्त में होना था पूरा. हजारों लोग रोजाना जूझते हैं जाम से….
तीन महीने निकल गए
आईएसबीटी पर बन रहे फ्लाईओवर का निर्माण कार्य धीरे-धीरे अपनी समय सीमा से आगे बढ़ता जा रहा है। समय सीमा निकले तीन महीने का समय हो गया है लेकिन अभी भी फ्लाईओवर का निर्माण पूरा नहीं हो सका है। निर्माण कार्य पूरा न होने के कारण जहां लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है वहीं दो दिन पहले एक युवक की दर्दनाक मृत्यु भी हो की है। यदि निर्माण दायी संस्था लापरवाह न होती तो युवक की जान नहीं जाती।
सितंबर में चालू होने की बात कही थी
अगस्त माह से से आईएसबीटी पर फ्लाईओवर का निर्माण कार्य पूरा होने की चर्चाएं चल रही हैं। तब इसके सितंबर में पूरा होने की बात कही गयी थी। बाद में कहा गया कि अक्टूबर तक इसकी एक लेन चालू कर दी जायेगी लेकिन आज नवम्बर का महीना भी समाप्त हो रहा है लेकिन फ्लाईओवर की एक लेन भी चालू नहीं हो सकी है। हालांकि फ्लाईओवर का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। फ्लाईओवर के दोनों लेन पर दोनों ओर से एप्रोच रोड तैयार कर ली गयी है।

रोजाना लगता है दोनों ओर जाम
फ्लाईओवर को बीच से जोड़े जाने का काम शुरू किया गया है। बीच में लोहे के बड़े-बड़े गार्डर बिछाने का काम पूरा हो चुका है। भगवान टाकीज से गुरु का ताल की ओर आ रही सड़क पर बीच में लेंटर डालने के लिए शटरिंग लगभग पूरी कर ली गयी है। गुरु का ताल से भगवान टाकीज की ओर जा रही लेन पर शटरिंग का काम होना अभी बाकी है। इसी लेन पर रविवार की शाम मोटरसाइकिल सवार युवक की मौत हो गयी। उसकी मोटरसाइकिल फ्लाईओवर से नीचे गिर गयी जबकि युवक लोहे के गार्डरों के जाल में उलझ गया। मृतक युवक जाम से बचने के लिए अधूरे फ्लाईओवर पर चढ़ गया था। उल्लेखनीय है कि निर्माण कार्य पूरा न होने के कारण फ्लाईओवर चालू नहीं हो सका है जिसके कारण रोजाना दोनों ओर सड़कों पर जाम लग रहा है। जाम लगने के कारण लोगों के वाहन जाम में फस जाते हैं। इसके अलावा निर्माण कार्य के लंबा चलने के कारण धूल उड़ रही है जिससे आसपास इलाके की हवा धूल के प्रदूषण का शिकार हो रही है।
अवरोधक पहले लग जाते तो युवक की जान न जाती
रविवार शाम आईएसबीटी फ्लाईओवर पर एक युवक की मौत के बाद निर्माण दायी संस्था ने सावधानी बतौर अहतियाती कदम उठाए हैं। फ्लाईओवर के लिए बनाई गयी सड़कों को अवरोधक लगाकर दोनों ओर से बंद कर दिया गया है। जिस लेन पर दुर्घटना हुई थी उस पर दो जगह अवरोधक लगाए गये हैं ताकि किसी भी तरह कोई वाहन ऊपर तक न पहुंच सके। यदि ये व्यवस्थाएं पहले पूरी कर ली गयीं होती तो शायद युवक की जान न जाती।