आगरालीक्स …इस बार दुर्लभ योग में श्रीकृष्ण जन्म लेंगे, रात 11 बजे श्रीगणेश-नवग्रह पूजन होगा और रात 1 .30 बजे तक दर्शन किए जा सकेंगे। बेटियों को बचाने की अपील गूंजेगी, कृष्ण जन्म पर सभी भक्त ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ का भी संकल्प लेंगे। जन्मस्थान पर जो बैनर लगाए जा रहे हैं उनमें बैडमिंटन में रजत पदक विजेता पीवी सिंधू और कुश्ती में कांस्य पदक विजेता साक्षी मलिक के फोटो लगाए गए हैं।
गर्भगृह को आकर्षक ढंग से वास्तु के अनुरूप सजाया जा रहा है। भागवत भवन के प्रवेश द्वार सुगंधित पुष्पों से सजाए जा रहे हैं। जिस कमल कुंज बंगले में ठाकुरजी विराजेंगे उसकी भव्य सजावट की गई है।
श्रीकृष्ण जन्मस्थान मथुरा में यह होगा कार्यक्रम
श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान के सचिव कपिल शर्मा ने बताया कि 25 अगस्त की सुबह दिव्य शहनाई और नगाड़ों के वादन के साथ भगवान की मंगला आरती के दर्शन होंगे। मंगला आरती के बाद भगवान का पंचामृत अभिषेक किया जाएगा। सुबह 10 बजे श्रीकृष्ण जन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास जी और गुरुशरणानंद जी पुष्पांजलि अर्पित करेंगे।
जन्मोत्सव का मुख्य कार्यक्रम रात को 11 बजे श्रीगणेश-नवग्रह पूजन के साथ शुरू होगा। रात को 12 बजे भगवान के प्राकट्य के साथ मंदिर परिसर में ढोल-नगाड़ों के साथ भक्त झूम उठेंगे। भगवान के जन्म की महाआरती शुरू होगी जो रात को 12:10 बजे तक चलेगी। जन्म महाभिषेक रात को 12:15 से रात 12:30 बजे तक चलेगा। 12:40 बजे से 12:50 तक शृंगार आरती के दर्शन होंगे। कृष्ण भक्त रात को 1:30 बजे तक ठाकुरजी के दर्शन कर सकेंगे। देशभर से करीब दस लाख लोग मथुरा पहुंचेंगे। सुरक्षा के लिहाज शहर को 14 जोन में बांट दिया गया है। हर जोन पर मजिस्ट्रेट तैनात रहेंगे।
जन्माष्टमी पर दुर्लभ योग
इस बार कृष्ण जन्माष्टमी पर गुरुवार को 75 साल बाद दुर्लभ योग बन रहा है। 25 अगस्त को मध्य रात्रि में छह ग्रहों का केन्द्रीय योग और तीन ग्रहों का त्रिकोण योग होगा। इस दुर्लभ योग में कन्हाई का जन्म होगा। ज्योतिषाचार्य शिव शरण पारासर ने बताया कि भगवान कृष्ण के जन्म के समय सूर्य, चंद्रमा, मंगल, शनि, राहु और केत़ु कुंडली के केन्द्रीय भाव में होंगे। जबकि बुध, गुरु और शुक्र मिलकर त्रिकोण योग बनाएंगे। यह योग समृद्धि कारक रहेगा। लोगों के रुके हुए काम बनेंगे।
Leave a comment