आगरालीक्स… चैत्र नवरात्र इस बार बेहद खास होने वाले हैं। देवी मंदिरों में दुर्गा सप्तमी पाठ। जानिये आगरा के कौन से हैं प्रमुख देवी मंदिर।
90 साल पुराना है कामख्या देवी का मंदिर

यमुना किनारा स्थित कामख्या देवी मंदिर शहर के प्राचीन देवी मंदिरों में से है, आगरा का यह पहला मंदिर है, जिसमें देवी के नौ विग्रह एक साथ विराजमान हैं, यहां सबसे पहले कामख्या देवी स्वतः प्रकट हुई थीं। इसके बाद देवी के नौ विग्रह स्थापित किए गए।
घट स्थापना 22 मार्च को, दुर्गा सप्तशती पाठ

मंदिर के महंत पंडित अमित शर्मा ने बताया कि चैत्र नवरात्र के प्रथम दिन 22 मार्च को घट स्थापाना की जाएगी। पोशाक चढ़ाई जाएंगी। दुर्गा सप्तशती का पाठ रोजाना किया जाएगा। उन्होंने बताया कि दुर्गा सप्तशती का पाठ सुबह सात बजे से 11 बजे तक हुआ करेगा।
आगरा में यह हैं प्रमुख देवी मंदिर
आगरा में इसके अलावा कई प्रमुख मंदिर हैं। चैत्र नवरात्र में इन मंदिरों में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाने की तैयारी की गई है। इसमें प्रमुख रूप से नागरी प्रचारिणी में स्थित दुर्गा मंदिर, राजामंडी स्टेशन स्थित चामुंडा माता का मंदिर, बल्केश्वर स्थित देवी मंदिर, कालीबाड़ी स्थित महाकाली मंदिर, बेलनगंज स्थित पथवारी मंदिर, राजामंडी में माता मंसा देवी का मंदिर, अशोक नगर में स्थित देवी मंदिर, नालबंद चौराहा स्थित देवी मंदिर विख्यात हैं।
इटौरा में स्थित देवी मंदिर की भी है मान्यता
आगरा के समीप इटौरा में स्थित देवी मंदिर का भी काफी महत्व है। इस मंदिर में चैत्र नवरात्र पर विविध कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। खासकर इस मंदिर में करौली नहीं जा पाने भक्त इस मंदिर में आकर पूजा-अर्चना करने से लेकर मुंडन संस्कार आदि कराते हैं।
सरकार रामनवमी पर कराएगी अखंड रामायण
उल्लेखनीय है कि चैत्र नवरात्र की शुरूआत 22 मार्च से हो रही है। इस बीच प्रदेश सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए 29 मार्च को रामनवमी के अवसर पर प्रदेश के सभी जिलों में अखंड रामायण पाठ के आयोजन का निर्देश दिया है।
डीएम-कमिश्नर को मिले हैं निर्देश
इसके लिए सभी कमिश्नर और डीएम को निर्देश जारी किए गए हैं। कार्यक्रमों को आयोजित करने के लिए सरकार हर एक जिले को एक लाख रुपये देगी।