आगरालीक्स…आगरा से ग्वालियर के बीच सिर्फ 89 किमी. होगी दूरी. एक घंटे से भी कम समय में होंगे आगरा टू ग्वालियर. ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे लेकर NHAI ने दी ये अच्छी खबर…जानिए खासियत
आगरा से ग्वालियर जाने वाले लोगों के लिए अच्छी खबर है. सरकार जल्द ही आगर से ग्वालियर तक का नया एक्सप्रेस वे तैयार करने जा रही है. इस एक्सप्रेस वे से आगरा से ग्वालियर महज एक घंटे में पहुंच जाएंगे. आगरा का ताजमहल और ग्वालियर का किला दुनियाभर में मशहूर है और इस एक्सप्रेस वे के तैयार होने से दोनों शहरों के बीच की दूरी भी कम हो जाएगी. राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण NHAI ने रविवार को ट्वीट कर इसकी जानकारी दी है.
NHAI ने जानकारी देते हुए बताया कि दोनों शहरों के बीच एक्सप्रेस वे का निर्माण जल्द शुरू होगा और इसे त्वरित गति से बनाकर तैयार करने की योजना है. इसे लिए NHAI ने निविदा भी जारी कर दी है जिसे तीन भाग में तैयार किया जाना है. अगले साल 30 जनवरी तक इसे बनाने वाली कंपनी का नाम भी फाइनल कर लिया जाएगा. इस एक्सप्रेस वे पर करीब 2500 करोड़ का खर्चा आने का अनुमान है.
ये होगी एक्सप्रेस वे की खासियत
आगरा से ग्वालियर की दूरी इस एक्सप्रेस वे से सिर्फ 87 किलोमीटर होगी.
इस एक्सप्रेस वे को ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे का नाम दिया गया है.
दोनों शहरों के बीच इस एक्सप्रेस वे का ट्रैवल टाइम एक घंटे से भी कम रह जाएगा
120 किलोमीटर की स्पीड से वाहन दौड़ सकेंगे इस एक्सप्रेस वे पर
इस एक्सप्रेस वे के तैयार होने से तीन राज्यों और सात जिलों को सीधे तौर पर फायदा मिलेगा.
इसके जरिए टूरिज्म को भी बढ़ाने में मदद मिलेगी
यह एक्सप्रेस वे यूपी, राजस्थान और मध्य प्रदेश को जुड़ेगा, जिससे तीनों ही राज्यों की कनेक्टिविटी तेज हो जाएगी.
बता दें कि अभी आगरा से ग्वालियर जाने के लिए करीब 121 किलोमीटर की दूरी तय करनी होती है. इस दौरान तीन से चार घंटे का समय लग जाता है, क्योंकि आगरा—ग्वालियर हाइवे पर यातायात अधिक होने से गाड़ियों की औसत गति 40 किलोमीटर के आसपास रह जाती है लेकिन एक्सप्रेस वे तैयार होने से वाहनों की स्पीड 120 किलोमीटर तक होगी.
चंबल पर बनेगा बड़ा पुल
बीते दिनों सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने कहा था कि आगरा ग्वालियर एक्सप्रेस वे का निर्माण लखनऊ—आगरा एक्सप्रेस वे की तर्ज पर किया जाएगा. इसके लिए चंबल नदी पर लंबा पुल बनेगा और पूरे एक्सप्रेस वे को 6 लेन का बनाया जाएगा. इस एक्सप्रेस वे के बनने से आगरा, ग्वालियर के साथ ही झांसी, भिंड, शिवपुरी, मोरैना, दतिया जिले के लोगों की आवाजाही भी आसान हो जाएगी. इसके साथ ही राजस्थान के कोटा जिले तक जाना भी सुगम होगा.