आगरालीक्स…आगरा में तीन नए अल्ट्रासाउंड सेंटर खोलने के लिए आए रजिस्ट्रेशन. डीएम के आदेश—पूरी तरह से हो जांच. किसी भी सूरत में लिंग परीक्षण न हो पाए… सभी सेंटर्स डॉक्टरों की बायोमेट्रिक उपस्थिति हो अनिवार्य
लिंग परीक्षण करना अपराध है। यह किसी भी दशा में न होने पाए। ऐसा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। यह हिदायत जिलाधिकारी अरविंद मलप्पा बंगारी ने सीएमओ को दिए। जिलाधिकारी अरविंद मलप्पा बंगारी की अध्यक्षता में पीसी पीएनडीटी एक्ट के तहत कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सलाहकार समिति की बैठक हुई। बैठक में प्यारी बिटिया पोर्टल पर प्राप्त आवेदनों अल्ट्रासाउंड केंद्र के नवीन पंजीकरण, नवीनीकरण, मशीनों के संचालन को डॉक्टर के पैनल के अपडेशन, नई अल्ट्रासाउंड मशीनों के क्रय के आवेदनों पर विचार किया गया। बैठक में 3 नवीन अल्ट्रासाउंड केन्द्र के आवेदन हेतु पंजीकरण की अनुमति प्रदान की गई। वहीं 8 अल्ट्रासाउंड सेंटर के नवीनीकरण प्रस्ताव समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया। निरीक्षण उपरांत समिति ने उक्त केंद्रों के रिन्यूअल का अनुमोदन दिया गया।बैठक में नई मशीन के क्रय करने, स्थान, पता परिवर्तन आदि संबंधी भी प्रकरण समिति के समक्ष रखे गए। पुरानी मशीन को सील कर उसके निस्तारण तक कड़ाई से नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिलाधिकारी ने अल्ट्रासाउंड सेंटर पर डॉक्टर की बायोमैट्रिक अटेंडेंस अनिवार्य किए जाने के निर्देश दिए। साथ ही जनपद में कोई भी अस्पताल बेसमेंट में संचालित न होने दिया जाये। पोर्टल पर सभी सूचनाएं, अल्ट्रासाउंड सेंटर की रिपोर्ट समय से अपलोड कराना भी सुनिश्चित किया जाये। जिलाधिकारी ने सीएमओ को निर्देशित किया कि लिंग परीक्षण किसी भी दशा में न होने पाए।