आगरालीक्स…आगरा में 12 जुलाई को 61 लाख 88 हजार पौधे रोपे जाएंगे. लेकिन कहां रोपे जाएंगे और कौन रोपेगा….डीएम ने दिए ये निर्देश
आगरा में 12 जुलाई को वृहद वृक्षारोपण अभियान चलाया जाएगा. यह अभियान सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगा. इसके लिए मंगलवार को जिलाधिकारी मनीष बंसल ने वृक्षारोपण समिति के साथ बैठक की उन्होंने सभी विभागों को नोडल अधिकारियों को इसके लिए अवगत कराया और पौधरोपण के लिए एनजीओ एनसीसी, रोटरी क्लब, लॉयन्स क्लब, महिला समूह, स्कूली बच्चों, सेवानिवृत्त कर्मचारियों आदि की सहभागिता भी सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए.
5 जून को रोपे गए थे 7 लाख 94 हजार पौधे
बैठक में बताया गया कि आगरा जनपद को कुल 61 लाख 88000 पौधों के रोपण का लक्ष्य मिला है, जिसमें वन विभाग को 19 लाख 68000 तथा अन्य विभागों को 42 लाख 20000 पौधों के रोपण का लक्ष्य प्राप्त हुआ है. विगत 05 जून के विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आयोजित हुए वृहद वृक्षारोपण अभियान के अंतर्गत वन विभाग द्वारा 68000, ग्राम्य विकास विभाग द्वारा 4 लाख 65000, पंचायतीराज विभाग द्वारा 30000, कृषि विभाग द्वारा 1 लाख 17000, उद्यान विभाग द्वारा 77000, नगर विकास विभाग द्वारा 37000 पौधों का रोपण करते हुए कुल 7 लाख 94000 पौधों का रोपण किया गया था.
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि सभी विभाग अपनी तैयारियां पूर्ण रखें तथा अभियान से संबंधित सभी आवश्यक जानकारियां तैयार रखें, जिससे अंतिम समय में किसी प्रकार की कठिनाई न हो. उन्होंने नोडल अधिकारियों को निर्देशित किया कि केवल अभिलेखीय कार्यों तक सीमित न रहें, बल्कि फील्ड में जाकर वास्तविक स्थिति का निरीक्षण करें और स्थल पर व्यवस्थाओं का सत्यापन सुनिश्चित करें. उन्होंने बताया कि इसी उद्देश्य से शनिवार को साइट विजिट निर्धारित की गई है, जिसमें सभी अधिकारी पूरी तैयारी के साथ स्थलों का निरीक्षण करेंगे. उन्होंने बेसिक शिक्षा विभाग एवं माध्यमिक शिक्षा विभाग के नोडल अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि ग्राम्य विकास विभाग के समन्वय से अभियान को एक उत्सव के रूप में लेते हुए प्रभावी रूप से अभियान संचालित किया जाए. एक स्कूल-एक गांव की थीम बनाकर, इस अभियान में समस्त गांव सहित सरकारी और प्राइवेट शिक्षण संस्थानों का समावेश करते हुए सामूहिक वृक्षारोपण अभियान किया जाए.
गोबर की खाद का किया जाए उपयोग
बैठक में पौधारोपण के लिए खाद की उपलब्धता पर विशेष बल दिया गया. जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि पौधों की बेहतर वृद्धि के लिए विशेष रूप से गोबर की खाद का उपयोग किया जाए. यदि पर्याप्त मात्रा में गोबर की खाद उपलब्ध हो तो उसका प्राथमिकता से प्रयोग किया जाए. उन्होंने नगर निगम को निर्देशित किया कि पौधशाला में खाद की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए तथा आवश्यकता अनुसार संबंधित विभागों को समय से उपलब्ध कराई जाए. बैठक में बताया गया कि वर्तमान में खाद पौधशाला से पर्यावरण विभाग के माध्यम से उपलब्ध कराई जाती है.