आगरालीक्स… आगरा में बेशकीमती जमीन कब्जाने के लिए कुल्फी वाले को ड्रग पैडलर बनाकर फर्जी मुकदमा दर्ज करने वाले एसओ, बिल्डर सहित सात पर मुकदमा। वीडियो के लिए क्लिक करें
पुलिस लाइन में रविवार को पुलिस आयुक्त डॉ. प्रीतिंदर सिंह ने प्रेसवार्ता में बताया कि बोदला रोड पर चार बीघा जमीन कब्जाने के लिए फर्जी मुकदमा दर्ज कर दो परिवार को जेल भेजने वाले तत्कालीन थाना जगदीशपुरा के एसओ जितेंद्र कुमार, प्रोपर्टी डीलर खंदौली निवासी कमल चौधरी, उसके बेटे धीरू चौधरी सहित सात के खिलाफ पीड़ित उमा देवी की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है।
ये है मामला
आगरा में बैनारा फैक्ट्री के पास बीएस कॉम्प्लेक्स के नजदीक बोदला निवासी उमा देवी की चार बीघा जमीन है। जमीन की कीमत करोड़ों में है। उन्होंने डीजीपी को शिकायत की, कहा कि उनके ससुर सरदार टहल सिंह के नाम से चार बीघा जमीन है, ससुर टहल सिंह और पति सरदार जसवीर सिंह का निधन हो चुका है, जमीन उनके कब्जे में थी। उन्होंने जमीन की देखरेख के लिए रवि कुशवाह और उनके भाई शंकरलाल कुशवाह को रख दिया था,ये कुल्फी बेचते हैं। यहां 35 वर्ष से दोनों परिवार रह रहे थे।
आरोप है कि जगदीशपुरा पुलिस के साथ मिलकर नेमचंद जैन और उनके साथ जमीन कब्जाने का काम करने वाले लोगों ने साजिश रची। इसके तहत पहला मुकदमा 26 अगस्त 2023 को रवि कुशवाह, शंकरलाल उर्फ शंकरिया और जटपुरा निवासी ओम प्रकाश पर गांजा बिक्री करने का मुकदमा दर्ज करते हुए वाहन सहित गांजा बरामद किया गया और तीनों को जेल भेज दिया। जिस वाहन को जब्त दिखाया गया उसकी नंबर प्लेट फर्जी बताई गई। उसी जगह पर नौ अक्टूबर को आबकारी निरीक्षक ने छापा मारा, मौके से रवि की पत्नी पूनम और बहन पुष्पा और फुरकान को पकड़ा गया, आबकारी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर तीनों को जेल भेज दिया। इससे चार बीघा जमीन खाली हो गई।