आगरालीक्स…आगरा के मानसिक स्वास्थ्य संस्थान में महिला जूनियर डॉक्टर की हॉस्टल में मौत. पोस्टमार्टम में नहीं पता चला मौत का कारण. विसरा रखा सुरक्षित. जांच टीम गठित…पढ़ें पूरी खबर
लखनऊ की रहने वाली 28 साल की डॉ. वर्तिका सिंह ने 22 फरवरी 2026 को मानसिक स्वास्थ्य संस्थान में एमडी साइकियाट्री प्रथम वर्ष में प्रवेश लिया था। इनका एक छोटा भाई विदेश में हैे। डॉ. वर्तिका सिंह संस्थान के हॉस्टल में ही रह रही थी, रविवार को डॉ. वर्तिका सिंह की मां ने उसे फोन किया लेकिन डॉ. वर्तिका का फोन नहीं उठा, इस पर उन्होंने डॉ. वर्तिका के साथ जूनियर डॉक्टर सिद्धार्थ को फोन किया, डॉ. सिद्धार्थ, डॉ. शिखा ठाकुर और डॉ. सना रब्बानी हॉस्टल में डॉ. वर्तिका सिंह के कमरे पर पहुंचे लेकिन कमरे का गेट अंदर से बंद था, वार्डन को बुलाया, इसके बाद कमरे का गेट धक्का मारकर खोला।बेड पर पेट के बल पड़ी मिले
हॉस्टल के कमरे में डॉ. वर्तिका सिंह पेट के बल बेड पर पड़ी हुई थी, शरीर में कोई हरकत ना होने पर साथी जूनियर डॉक्टर डॉ. वर्तिका को एसएन मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे लेकिन डॉक्टरों ने डॉ. वर्तिका को मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम में मौत का कारण नहीं चला पता, विसरा सुरक्षित
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत के कारणों की पुष्टि नहीं हो पाई है। ऐसे में विसरा जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है।
मानसिक स्वास्थ्य संस्थान के निदेशक प्रो. दिनेश राठौर का कहना है कि महिला डॉक्टर की मौत के मामले में जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित की गई है। इस टीम में डॉ. बृजेश कुमार, डॉ. सुमित्रा मिश्रा और डॉ. चंचल चंद्रा को शामिल किया गया है। पूरे प्रकरण की जांच की जाएगी और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।