आगरालीक्स…आगरा के प्रमुख समाजसेवी एवं शिक्षक मोहन लाल नागदेव का निधन. सिंधु रत्न, सिंधु गौरव, सिंधु श्री एवं लीडर्स आगरा सम्मान से थे सम्मानित….
विगत रात्रि मोहनलाल खेमचंद नागदेव का निधन हो गया। नागदेव जी केजी इंटर कॉलेज के सिंधी भाषा एवं कॉमर्स के प्रख्यात अध्यापक रहे। आप कई संस्थाओं से जुड़े हुए थे, उन्हें समाज द्वारा कई पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। सिंधु रत्न, सिंधु गौरव, सिंधु श्री एवं लीडर्स आगरा सम्मान से सम्मानित किया गया। आप सिंधु साहित्य मंडल के संस्थापक एवं पूर्व अध्यक्ष रहे। आप सिंधी वार्षिक पत्रिका चंडोकी के लेखक व संपादक भी रहे। आप सिंधी परिवार कल्याण समिति के संस्थापक एवं पूर्व अध्यक्ष भी रहे। आप सिंध हेल्पेज के संरक्षक भी रहे। आपने सदैव गरीबों की शिक्षा एवं उनके स्वास्थ्य के लिए समर्पित होकर कार्य किया।
आप सिंधी भाषा के उन्नयन एवं विकास के लिए समर्पित रहे। सिंधी को और समृद्ध बनाने एवं इसके प्रचार एवं प्रसार हेतु भारत व विश्व के कई देशों से जुड़े रहे। हाल ही में आपके द्वारा लिखित एवं प्रकाशित उपन्यास पत्थर जूं मूरूतूं के लिए राष्ट्रीय सिंधी भाषा विकास परिषद द्वारा वित्तीय अनुदान देकर सम्मानित किया गया। यह उपन्यास समाज के लिए मील का पत्थर साबित होगा। नेहरू नगर निवासी मोहनलाल नागदेव ने अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ा है। आपके परिवार में दो पुत्र सुरेश नागदेव, लक्ष्मण नागदेव एवं तीन बेटियां मधु कालरा, प्रीति आशरा एवं नीतू लेखवानी हैं।