आगरालीक्स…घर में होने वाला प्रदूषण बाहर होने वाले प्रदूषण से ज्यादा खतरनाक. आगरा के डॉ. बीआरए यूनिवर्सिटी में हुई वायु प्रदूषण पर वर्कशॉप…
डॉ भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय आगरा के रसायन विभाग में आवासीय वायु प्रदूषण पर एक दिवसीय कार्यशाला आज मंगलवार को कुलपति प्रोफ आशु रानी की अध्यक्षता में आयोजित की गई, जिसमें छात्रों को इंडोर वायु प्रदूषण के कारण और दुष्प्रभाव के प्रति जागरूक किया गया। इस विशेष कार्यशाला के लिए एक्सपर्ट स्पीकर के तौर पर डेन मार्क टेक्निकल यूनिवर्सिटी से आए हुए प्रोफ पॉवेल वरगोकी ने आवासीय वायु प्रदूषण के बारे में जानकारी PPT प्रेजेंटेशन के द्वारा जानकारी दी।
इसमें बताया गया कि वेंटिलेशन बढ़ाने से आवासीय वायु प्रदूषण कम होता है और इसके लिए ज्यादा से ज्यादा आवासीय प्लांट लगा सकते हैं। उन्होंने बताया कि आवासीय वायु प्रदूषण बाहर होने वाले प्रदूषण से ज्यादा खतरनाक पाया गया है क्योंकि हमारी जनसंख्या का एक बड़ा भाग घर में समय ज्यादा व्यतीत करता है इसलिए आवासीय वायु प्रदुषण ज्यादा खतरनाक है।
उन्होंने ये भी बताया की हमें आवासीय इंडिसिस को बढ़ाना चाहिए तथा इंसान के पर्सनल एक्सपोज़र को मापना भी एक चुनौती है जिस पर आगे काफी कार्य होना बाकी है। उन्होंने कामना की आगे हमारे ग्लोबल रेगुलेशन जो हैं जिससे हर डिफरेंट माइक्रो पर्यावरण में कंट्रोल हो सकें। कार्यशाला में पूछे गए सभी प्रश्नों के उत्तर प्रोफ पॉवेल वरगोकी ने बखूबी दिए साथ ही विश्विद्यालय के रसायन विभाग द्वारा किये गए आदर सत्कार की प्रशंसा की। कार्यक्रम को सफल बनाने में प्रोफ देवेंद्र शर्मा और प्रोफ गौतम जैसवार का विशेष सहयोग रहा। धन्यवाद ज्ञापन प्रतिकुलपति प्रोफ अजय तनेजा द्वारा दिया गया।
अंत में कुलपति प्रोफ आशु रानी ने डेन मार्क टेक्निकल यूनिवर्सिटी से आए मुख्य वक्ता प्रोफ पॉवेल वरगोकी का पुष्पगुच्छ देकर धन्यवाद किया और आगे भी इस ही तरह छात्र हित में कार्यशाला के लिये निवेदन किया। प्रोफ संजीव कुमार, प्रोफ संजय चौधरी, प्रोफ विनीता सिंह आदि कई शिक्षक बहुत से छात्रों के साथ आज इस कार्यशाला में उपस्थित रहे।