आगरालीक्स…कोविड के बाद बढ़ा है मानसिक तनाव. हर दूसरा व्यक्ति तनाव से ग्रस्त…बच्चों में भी यह काफी अधिक…लाइफ कोच रीमा अहमद ने बताए वो टिप्स जिसे तनाव होगा दूर
आधुनिक जीवनशैली, सामाजिक बदलाव, आर्थिक परिस्थितियां एवं बढ़ती प्रतिस्पर्धा के कारण आज समाज में हर दूसरा व्यक्ति मानसिक तनाव से ग्रस्त है। यह समस्या केवल वयस्कों तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों पर भी शैक्षणिक और प्रतिस्पर्धात्मक दबाव के कारण मानसिक तनाव बढ़ रहा है। इसी संदर्भ में रोटरी क्लब ऑफ आगरा ने होटल क्लार्क्स शिराज में एक गोष्ठी और कार्यशाला का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में लाइफ कोच रीमा अहमद और अतिथि वक्ता के रूप में योग एवं ध्यान विशेषज्ञ डॉ. दीपक मारु उपस्थित रहे।
रीमा अहमद ने बताया कि अपने और अपने प्रियजनों के भविष्य की चिंता मानसिक तनाव का एक प्रमुख कारण है। उन्होंने कहा कि जीवन में समय प्रबंधन और काम तथा व्यक्तिगत जीवन के बीच संतुलन बनाना जरूरी है। उन्होंने यह भी जोर दिया कि दोस्तों और परिवार के साथ समय बिताना और अपनी भावनाओं को साझा करना तनाव को कम करने में मदद करता है। अगर तनाव अत्यधिक हो, तो मनोवैज्ञानिक परामर्श लेना सहायक हो सकता है। कार्यशाला के दौरान रीमा अहमद ने उपस्थित सदस्यों की शंकाओं का समाधान भी किया।
डॉ. दीपक मारु ने बताया कि पर्याप्त नींद की कमी, बढ़ती बीमारियां, और सामाजिक एवं पारिवारिक चुनौतियां मानसिक तनाव के प्रमुख कारण हैं। तनाव को कम करने के लिए योग, ध्यान और सकारात्मक सोच को अपनाने की आवश्यकता है। डॉ. मारु ने उपस्थित सदस्यों को ध्यान का अभ्यास कराया और बताया कि नियमित योग और ध्यान से न केवल मानसिक शांति प्राप्त होती है, बल्कि यह व्यावसायिक जीवन में भी सफलता लाने में सहायक है।

क्लब अध्यक्ष रोटेरियन नम्रता पनिकर ने कहा कि कोविड-19 के बाद मानसिक तनाव में काफी वृद्धि हुई है और इसे नियंत्रित करना बेहद जरूरी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह कार्यशाला क्लब के लिए अत्यंत लाभदायक सिद्ध होगी। उन्होंने यह भी कहा कि उनका क्लब समाज के साथ-साथ अपने सदस्यों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर भी ध्यान देता है।
कार्यक्रम का स्वागत उद्बोधन क्लब सचिव इंज आशीष अग्रवाल ने दिया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन पूर्व अध्यक्ष रोटेरियन आशीष अग्रवाल ने किया। अतिथियों का परिचय रोटेरियन शालिनी अग्रवाल एवं रोटेरियन तूलिका बंसल ने कराया। कार्यक्रम को सफल बनाने में ड़ॉ अलोक मित्तल, रोटेरियन प्रवीण अग्रवाल, रोटेरियन जीतेन्द्र जैन, रोटेरियन उदित बंसल, रोटेरियन शैलेन्द्र नाथ, रोटेरियन मनोज आर. कुमार का विशेष योगदान रहा।