आगरालीक्स…बढ़ती गर्मी में समझ आ रही पेड़ों की माया, सिर छुपाने को ढूंढ रहे इनकी छाया, कभी एमजी रोड कहलाती थी ‘ठंडी सड़क’ अब वहां भी छांव नहीं, कूल रहने के लिए रास्ते बदल रहे लोग
आगरा में गर्मियों में अधिकतम तापमान अक्सर 45 से 47° सेल्सियस या उससे अधिक तक पहुंच जाता है, विशेषकर मई और जून के महीनों में। अभी अप्रैल भी खत्म नहीं हुआ है और हीट वेव का अलर्ट जारी हो चुका है। ऐसे में जरूरी होने पर ही लोग घरों से निकल रहे हैं। जो लोग दफ्तर या बाजार आ रहे हैं, वे पेड़ की छाया ढूंढते नजर आते हैं। क्योंकि पेड़ के नीचे खड़ा होना सुकून देता है। वहां तापमान भी चार से पांच डिग्री तक कम होता है। यही दिन हैं, जब लोगों को पेड़ों की माया समझ आती है। शहर के कई रास्ते हैं जो सुकून देते हैं। इन दिनों यही रास्ते कूल रहने की शॉर्ट कर्ट्स बने हुए हैं। पालीवाल पार्क बाल विहार वाली सड़क, दयालबाग और मनोहर पुर रोड, यमुना किनारा मार्ग, हाथी घाट से किले के पीछे होते हुए ताजगंज जाने वाला रास्ता, यमुना नदी के किनारे का क्षेत्र (ताजमहल, मेहताब बाग), ताज नेचर वॉक जैसे हरित क्षेत्र और छावनी क्षेत्र शहर के अन्य हिस्सों की तुलना में थोड़े ठंडे रहते हैं, जहां पेड़-पौधों और पानी के कारण तापमान में कुछ कमी महसूस होती है। ऐसे में इन क्षेत्रों से होकर गुजरने वाले कई रास्तों पर इन दिनों यातायात दबाव बढ़ हुआ नजर आ रहा है। इसके अलावा आगरा शहर के बाहरी ग्रामीण इलाके भी शहर के मुकाबले कम गर्म होते हैं।इसके उलट हाईवे या एमजी रोड समेत कई प्रमुख रास्तों पर यातायात बहुत कम हो गया है। भीषण गर्मी, मेटो के काम और छांव न होने के कारण इन रास्तों पर जाने से लोग बचते नजर आ रहे हैं। पेड़—पौधों की अधिकता वाले मार्गों को ही संपर्क मार्गोंं की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है। विशेषकर दोपहिया वाहनों द्वारा।
कभी एमजी रोड कहलाती थी 'ठंडी सड़क'
आगरा की 'ठंडी सड़क' ऐतिहासिक रूप से एमजी रोड के उस हिस्से को कहा जाता था जो हरीपर्वत और राजामंडी के बीच स्थित है। पहले यहां के घने छायादार पेड़ों के कारण यह मार्ग गर्मियों में भी ठंडा रहता था, जिससे इसे यह नाम मिला। यह क्षेत्र अब आगरा का एक प्रमुख और व्यस्त व्यावसायिक मार्ग है।
आगरा का तापमान
आगरा में गर्मी का पीक मई और जून के महीनों में होता है। इस दौरान पारा 45 से 47 डिग्री सेल्सियस और कई बार तो इससे भी अधिक तापमान पहुंचने की संभावना रहती है। रात में भी तापमान 28 से 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहता है।
हीट वेव अलर्ट
अक्सर इन महीनों में लू (गर्म हवाओं) के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित होता है। फिलहाल हीट वेव का अलर्ट जारी है। लोग बचते बचाते धूप में निकल रहे हैं।
पर्यटन पर असर
अत्यधिक तापमान के कारण दोपहर में ताजमहल और अन्य स्मारकों पर घूमने वाले पर्यटकों की संख्या में काफी गिरावट आती है। इन दिनों भी दोपहर के समय संख्या घट गई है।