आगरालीक्स ..आगरा में कार से एक्टिवा टकराने पर कपडा कारोबारी की गोली मारकर हत्या करने के आरोप में रईसजादे को पुलिस ने जेल भेज दिया। 18 घंटे में हत्याकांड का खुलासा करने वाली पुलिस टीम को प्रशस्तिपत्र देकर सम्मानित किया गया।
शनिवार (सात दिसंबर 2019) की रात 10 बजे आगरा के दुर्गा एन्क्लेव, बल्केश्वर निवासी कपडा कारोबारी राहुल अग्रवाल (32) अपने सुभाष बाजार में साडियों के शोरूम को बंद कर एक्टिवा से घर लौट रहे थे। वाटर वक्र्स चौराहे पर गोली मार कर हत्या कर दी गई थी। आईजी ए सतीश गणेश के निर्देशन में एसएसपी बबलू कुमार ने एसपी सिटी सहित पुलिस को टीम को हत्याकांड के खुलासे के लिए लगाया। पुलिस ने वाटर वक्र्स चौराहे के आस पास लगे सीसीटीवी चेक किए, इसमें राहुल अग्रवाल का एक कार चालक से विवाद होता दिखाई दे रहा था। पुलिस की टीम ने चार घंटे में वाटर वक्र्स से गुजरी 1300 गाडियों की डिटेल आरटीओ की मदद से खंगाली।
कार से एक्टिवा टकराने पर मैदा कारोबारी ने मारी थी गोली
पुलिस ने राहुल अग्रवाल से विवाद कर रहे कार चालक को आरटीओ की मदद से चिन्हित कर लिया। कार कमला नगर निवासी मैदा कारोबारी राजीव अग्रवाल की निकली, उसके मोबाइल बंद मिले, पुलिस ने सर्विलांस की मदद से राजीव अग्रवाल को बरेली बंदायूं रोड से पकड लिया। वह नेपाल भागने की तैयारी में था। पूछताछ में सामने आया है कि राहुल अग्रवाल एक्टिवा से घर लौट रहा था, मैदा कारोबारी राजीव अग्रवाल कार से आ रहा था। कार से एक्टिवा टकरा गई, इसे लेकर विवाद हो गया। राजीव अग्रवाल ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से राहुल को गोली मार दी, राहुल की मौत हो गई।
पुलिस जांच कर रही थी, वहीं खडा था रईसजादा
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार राहुल को एक गोली मार देने के बाद रईसजादा राजीव भाग गया था। उसे लगा कि कहीं राहुल बच न गया हो, इसलिए दूसरी कार से फिर से वारदात स्थल पर पहुंचा, उस समय एसएसपी बबलू कुमार और पुलिस टीम मौजूद थी। उनके सामने ही लाश को देखा, तब तसल्ली हुई और वह लौट गया। उसने कहा कि उसे कोई पछतावा नहीं है।