आगरालीक्स…(13 January 2022 Agra News) आगरा में लोहड़ी की धूम पर लहराया तिरंगा. अजीत नगर बाजार कमेटी ने बड़े धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाया ये पावन पर्व
वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर अजीत नगर बाजार कमेटी के मुख्य संरक्षक परमात्मा सिंह अरोड़ा एवं अध्यक्ष राजेश यादव ने बाजार कमेटी की सभी मेंबरों के साथ लोहड़ी का पावन पर्व बड़े ही धूमधाम एवं हर्षोल्लास के संग बनाया। परमात्मा सिंह अरोड़ा ने बताया की लोहड़ी के पीछे एक एतिहासिक कथा भी हैं जिसे दुल्ला भट्टी के नाम से जाना जाता हैं. यह कथा अकबर के शासनकाल की हैं उन दिनों दुल्ला भट्टी पंजाब प्रान्त का सरदार था, इसे पंजाब का नायक कहा जाता था. उन दिनों संदलबार नामक एक जगह थी, जो अब पाकिस्तान का हिस्सा हैं. वहाँ लड़कियों की बाजारी होती थी. तब दुल्ला भट्टी ने इस का विरोध किया और लड़कियों को सम्मानपूर्वक इस दुष्कर्म से बचाया और उनकी शादी करवाकर उन्हें सम्मानित जीवन दिया. इस विजय के दिन को लोहड़ी के गीतों में गाया जाता हैं और दुल्ला भट्टी को याद किया जाता हैं.

सामान्तः त्यौहार प्रकृति में होने वाले परिवर्तन के साथ-साथ मनाये जाते हैं जैसे लोहड़ी में कहा जाता हैं कि इस दिन वर्ष की सबसे लम्बी अंतिम रात होती है. इसके अगले दिन से धीरे-धीरे दिन बढ़ने लगता है. साथ ही इस समय किसानों के लिए भी उल्लास का समय माना जाता हैं. खेतों में अनाज लहलहाने लगते हैं और मोसम सुहाना सा लगता हैं, जिसे मिल जुलकर परिवार एवम दोस्तों के साथ रात को आग जला के मनाया जाता हैं. इस तरह आपसी एकता बढ़ाना भी इस त्यौहार का उद्देश्य हैं. इन्ही पौराणिक एवम एतिहासिक कारणों के चलते विश्व भर में लोहड़ी का उत्सव बनाने के साथ परिवार में आए नए बच्चे एवं दूल्हा दुल्हन का स्वागत किया जाता है।