आगरालीक्स… कृपा बरसाने से लेकर फिल्म बनाने वाले और भक्तों की गोद में बैठकर आशीर्वाद देने से लेकर सदविचारों की नदी बहाने वाले फर्जी बाबा हैं, इलाहाबाद के बाघंबरी मठ में अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद की विशेष बैठक में रविवार 10 सितंबर 2017 को इन्हें आम लोगों के सामने बेनकाब करते हुए सामूहिक बहिष्कार का भी फैसला किया गया। विशेष बैठक में 13 अखाड़ा के 26 संत शामिल रहे।
बैठक के बाद परिषद अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि का कहना है कि फर्जी धर्मगुरुओं से सनातन धर्म के स्वरूप को काफी नुकसान पहुंचा है। इन फर्जी बाबाओं की सूची बनाकर उसे केंद्र व सभी राज्य सरकारों, चारों पीठ के शंकराचार्य व 13 अखाड़ा के पीठाधीश्वरों को भेजकर सामूहिक बहिष्कार करेंगे। उन्होंने बताया कि सूची में शामिल शमिल फर्जी बाबाओं को कुंभ, अर्धकुंभ, और अन्य धार्मिक मेलों में सरकारी सुविधा न मिले, यह पहल भी होगी।
अखाड़ा परिषद की बैठक में फर्जी बाबाओं पर नकेल कसने की तैयारी पर भी चर्चा के बाद अर्धकुंभ मेले से पहले संतों के नाम को कलंकित करने वालों के खिलाफ अभियान चलाकर उन्हें जनता के सामने बेनकाब करने की कार्रवाई की जाएगी।
1- आसाराम बापू उर्फ आशुमल शिरमलानी
2- सुखविंदर कौर उर्फ राधे मां
3- सच्चिदानंद गिरि उर्फ सचिन दत्ता
4- गुरमीत सिंह राम रहीम सच्चा डेरा, सिरसा।
5- ओम बाबा उर्फ विवेकानंद झा।
6- निर्मल बाबा उर्फ निर्मलप्रीत सिंह।
7- इच्छाधारी भीमानंद उर्फ शिवमूर्ति द्विवेदी।
8- स्वामी असीमानंद।
9- ऊं नम: शिवाय।
10- नारायण साईं।
11 राम पाल।
